कोविड-19 केयर सेंटर से फरार कोरोना पॉजिटिव बंदियों को पुलिस ने 24 घंटे में गिरफ्तार कर दोबारा से भर्ती कराया है। पुलिस ने दोनों आरोपियों को दिल्ली रेलवे स्टेशन से रविवार की रात को काबू किया। आरोपियों ने पहले भी भागने की प्लानिंग बनाई थी, लेकिन मौका नहीं मिला था।
पुलिस प्रवक्ता नरेश कुमार ने बताया कि नारनौल जेल में पॉक्सो एक्ट मामले में बंद दो बंदियों के कोरोना संक्रमित होने पर 31 अक्तूबर को कोविड-19 सेंटर पटीकरा लाया गया था। आरोपी रात करीब साढे़ 11 बजे के बाथरूम का एग्जॉस्ट फैन तोड़कर भाग गए थे। इसकी सूचना पुलिस अधीक्षक चंद्रमोहन को दी गई। इसके बाद दो टीम सीआईए और दो टीम साइबर सेल की तैयार की गई। दोनों बंदियों का रिकॉर्ड व फोटो के साथ पुलिस आरोपियों के गृह जिले में रवाना हो गई। एक-एक टीम पुरानी दिल्ली रेलवे स्टेशन और नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पहुंची। जहां से यूपी के लिए ट्रेन जाती है। दो टीम सीआईए की बंदियों के गांव यूपी के लिए रवाना हुई, लेकिन दोनों आरोपी रेलवे स्टेशन पुरानी दिल्ली ट्रेन के इंतजार में बैठे हुए थे, साइबर टीम ने दोनों को मौके पर ही काबू कर लिया। देर रात टीम दोनों कोविड -19 सेंटर पटीकरा में भेज दिया। आरोपी कोरोना संक्रमण से ठीक हो जाएंगे तो भागने के केस में गिरफ्तार करके नारनौल कोर्ट में पेश किया जाएगा। आरोपी दिल्ली जाने के लिए कुछ दूर पैदल और बाद में निजी वाहनों के सहारे पहुंचे।
संतरी के गश्त की रेकी कर चकमा देकर भागे
दोनों आरोपी उत्तर प्रदेश से होने पर जेल में ही दोस्ती हो गई। दोनों पॉक्सो एक्ट में जेल में बंद थे। इसमें एक आरोपी को रेवाड़ी जेल से नारनौल लाया गया था। दोनों ने ही जेल से भागने की साजिश रची। इनको मौका नहीं मिला। जब दोनों बंदी कोरोना संक्रमण होने पर सेंटर अस्पताल में लाए गए तो इन्होंने उसी समय भागने का प्लॉन बनाया। दोनों ने संतरी कीगश्त को ध्यान से देखा और मौके का फायदा उठाकर संतरी से बचकर भाग गए। इसमें एक बंदी गोरखपुर उत्तर प्रदेश का है। आरोपी पर रेवाड़ी जिले के मॉडल टाउन थाने में लड़की को अगवा करने और पॉक्सो एक्ट का केस दर्ज है और नारनौल जेल में बंद था। दूसरा आरोपी शामली उत्तर प्रदेश का रहने वाला है और आरोपी पर सिटी थाना नारनौल में पॉक्सो एक्ट समेत अन्य धाराओं में केस दर्ज है।
सेंटर की सुरक्षा में 14 कर्मी हुए तैनात, कंट्रोल रुम में पुलिस की तैनाती
पटीकरा स्थित कोविड-19 केयर सेंटर से दो कोरोना वायरस संक्रमित मरीजों के फरार होने के बाद सुरक्षा बढ़ा दी गई है। सेंटर पर नौ और पुलिस कर्मियों के साथ दो सीसीटीवी कैमरे भी अतिरिक्त लगाए गए हैं। अब सेंटर में 24 कैमरों से नजर रखी जा रही है। वहीं कंट्रोल रूम में एक पुलिस कर्मी की ड्यूटी लगा दी गई है। पहले पांच पुलिस कर्मी तैनात थे। खास नजर रखेगा। पीछे की ओर से दो अलग से कर्मी तैनात किए गए हैं। डॉ. हर्ष चौहान ने बताया कि सेंटर की सुरक्षा और अब सख्त कर दी गई है। सेंटर अंदर और बाहर सुरक्षा बढ़ा दी गई है।