प्रत्येक घर में शौचालय होने के साथ- साथ उसका उपयोग भी जरूरी है। इसी सोच के आधार पर स्वच्छ भारत अभियान को आगे ले जा सकते हैं। इसके अतिरिक्त घर में शौचालय होने पर अगर उसका उपयोग नहीं होता तो भी अभियान पूरा नही होता। किसी भी अभियान को सफल बनाने के लिए जन सहयोग अनिवार्य है।
उक्त विचार शनिवार को उपायुक्त संजीव वर्मा ने स्थानीय सचिवालय में स्वच्छ भारत अभियान के तहत आयोजित बैठक में व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि इस अभियान को सफल बनाने के लिए सरपंचों की अहम भूमिका है। सरपंच सुनिश्चित करें कि उनके गांव के किसी घर में शौचालय नहीं है तो डीआडीए के सहयोग से शौचालय बनवाने में ग्रामीणों का सहयोग दें। स्वच्छ भारत अभियान को सफल बनाने के लिए शौचालय की आवश्यकता और उसके उपयोग के प्रति जागरूक होना अनिवार्य है।
इस मौके पर अतिरिक्त उपायुक्त ने कहा कि शौचालय बनवाने के साथ-साथ इसका उपयोग अनिवार्य है। शौचालय के अभाव से विशेष कर महिलाएं, बीमार व्यक्ति, बुजुर्गों को दिक्कत होती है। दूसरी तरफ बाहर शौच से गंदगी भी फैलती है। प्रत्येक व्यक्ति का दायित्व बनता है कि वह घर में
शौचालय बनवाकर इस अभियान को सफल बनाने में अपना सहयोग दे।
अतिरिक्त उपायुक्त ने विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ और स्वच्छ भारत अभियान के तहत आयोजित कार्यक्रमों के चित्र भी पीजीआई रोहतक के डॉ. गौरव और डॉ. नीरज पवार को दिखाए। उन्होंने कहा कि जिले में पाजिटिव कार्य को भी प्रोजेक्टर के माध्यम में दिखाए चित्रों में शामिल करें। इस मौके पर एसडीएम सुरेश कासवां, सीटीएम मनोज खत्री, स्वास्थ्य विभाग से डॉ. अशोक कुमार और डॉ. संजय बिश्नोई सहित अनेक मौजूद रहे।