जिले में ठंड धीरे-धीरे अपने तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं जिसकी वजह से संपूर्ण इलाके में पारा लुढ़कने लगा है। साथ ही साथ धुंध और कोहरा ने भी अपना रंग दिखाना शुरू कर दिया है। मंगलवार को नारनौल का न्यूनतम तापमान 6.6 डिग्री पर पहुंच गया जबकि अधिकतम तापमान 24.0 डिग्री दर्ज किया गया।
राजकीय महाविद्यालय नारनौल के पर्यावरण क्लब के नोडल अधिकारी डॉ. चंद्रमोहन ने बताया कि देश के उत्तरी पर्वतीय क्षेत्रों पर एक के बाद एक कमजोर श्रेणी के पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहे हैं जो केवल उत्तरी पर्वतीय इलाकों पर हल्की बर्फबारी कर रहे हैं। जबकि मैदानी राज्यों में पंजाब राजस्थान हरियाणा एनसीआर दिल्ली और उत्तर प्रदेश में इन मौसमी प्रणाली का प्रभाव देखने को नहीं मिल रहा है। संपूर्ण मैदानी राज्यों में मौसम साफ और शुष्क बना हुआ है। साथ ही संपूर्ण इलाके में हिमालय की ओर से आने वाली उत्तरी पश्चिमी ठंडी और शुष्क हवाओं के आगाज से मैदानी राज्यों में ठंड अपने तीखे तेवरों से आगाज करने लगी हैं। सुबह और शाम ठिठुरन बढ़ी है जिसकी वजह से लगातार रात्रि का पारा गोते लगाने लगा है। मंगलवार को जिले में नारनौल और महेंद्रगढ़ का न्यूनतम तापमान क्रमश: 6.6 डिग्री सेल्सियस और 7.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया जबकि संपूर्ण हरियाणा एनसीआर दिल्ली में बालसमंद हिसार 3.2 डिग्री सेल्सियस न्यूनतम तापमान की वजह से सबसे ठंडा स्थान रहा है। वहीं महेंद्रगढ़ में नारनौल और महेंद्रगढ़ का अधिकतम तापमान क्रमश 24.0 डिग्री सेल्सियस और 24.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। सुबह वातावरण में मौजूद प्रचुर मात्रा में नमी और शांत हवाओं की वजह से धुंध कोहरा भी देखने को मिल रहा है।