महेंद्रगढ़। गांव भगड़ाना स्थित दौहान नदी क्षेत्र में 60 क्यूसेक पानी छोड़ने की 12 करोड़ रुपये की परियोजना एक माह में पूरी हो जाएगी। इस बार जेएलएन नहर में बरसाती सीजन में मिलने वाले अतिरिक्त पानी को छोड़ा जाएगा।
इससे दस गांवों के भूजल स्तर में सुधार की उम्मीद जगी है। इस परियोजना का 90 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है। शेष दस प्रतिशत कार्य भी आगामी दस दिनों में पूरा कर लिया जाएगा।
सिंचाई विभाग की ओर से जवाहरलाल नेहरू नहर के एमसी-5 के नजदीक से 60 क्यूसेक पानी की क्षमता वाली 1600 एमएम परिधि वाले सीमेंटेड पाइपों की पांच किलोमीटर लंबी लाइन दबाने का काम अंतिम चरण में है।
यह परियोजना पूरी होने के बाद भगड़ाना, माजरा खुर्द, माजरा कलां, सिसोठ, भगड़ाना, लावन, झूक, मालड़ा सराय, मालड़ा बास, पाली, जाट, भुरजट, बसई सहित अन्य गांवों के भूजल स्तर में सुधार की उम्मीद जगी है।
डार्क जोन में शामिल जिला महेंद्रगढ़ के लिए जीवन रेखा कही जाने वाली जेएलएन नहर में हर वर्ष बरसात के मौसम में जुलाई से सितंबर माह तक तीन-चार माह अतिरिक्त पानी मिलता है। इस नहर में मिलने वाले अतिरिक्त पानी को क्षेत्र की 65 नहरों के माध्यम जिले के 436 जोहड़ों व 95 से अधिक बड़े जलघरों में पहुंचाया जाता है। जिलेभर के जोहड़ व जलघर लबालब होने के बाद भूजल स्तर में भी सुधार होगा।
फोटो संख्या:-71 गांव भगडाना के नजदीक पाइप लाइन बिछाते हुए---संवाद