फोटो नंबर-11राजकीय प्राथमिक पाठशाला में शिक्षण अधिगम उपकरण संघर्ष किट के माध्यम से पढ़ते बच्
नारनौल। शिक्षकों को अब शिक्षण अधिगम उपकरण संघर्ष किट से 13 सितंबर तक अपनी वीडियो क्लस्टर स्तर पर भेजनी है। प्रथम स्तर पर 15 से 19 सितंबर सीआरसी की अध्यक्षता में कमेटी कक्षा 1 से 3 व कक्षा 4 से 5 की दो-दो सर्वश्रेष्ठ वीडियो चुनेंगे। इसके बाद खंड स्तर और जिला स्तर पर चुनी गई वीडियो को राज्य के साथ साझा किया जाएगा।
निपुण हरियाणा मिशन के तहत बुनियादी साक्षरता और संख्यात्मकता में सुधार लाने के निरंतर प्रयासों के लिए विद्यालयों में समय-समय पर पठन-पाठन सामग्री प्रदान की जाती है। इस वर्ष भी अध्यापकों के मार्गदर्शन में तैयार की गई शिक्षण अधिगम उपकरण संघर्ष किट विद्यालयों में उपलब्ध करवाई गई।
इस सहायक सामग्री का समुचित उपयोग हो और उससे पनपने वाली दक्षताओं के बारे में अध्यापकों को मार्गदर्शन प्रदान करने के उद्देश्य को लेकर प्रतियोगिता का आयोजन होना है। इसे लेकर अब सभी राजकीय प्राथमिक स्कूलों में शिक्षकों ने अपनी वीडियो को बनाना शुरू कर दिया है।
जिला समन्वयक डॉ. विक्रम सिंह ने बताया कि शिक्षकों को 13 सितंबर तक अपनी वीडियो क्लस्टर स्तर पर भेजनी है। प्रथम स्तर पर 15 से 19 सितंबर सीआरसी की अध्यक्षता में कमेटी कक्षा 1 से 3 व कक्षा 4 से 5 की दो-दो सर्वश्रेष्ठ वीडियो चुनेंगे।
क्लस्टर स्तर पर चुनी गई सर्वश्रेष्ठ वीडियो खंड स्तर भेजी जाएगी। खंडस्तर पर 22 से 26 सितंबर तक खंड शिक्षा अधिकारी की अध्यक्षता में कमेटी कक्षा 1 से 3 व कक्षा 4 से 5 की 10-10 सर्वश्रेष्ठ वीडियो का चयन करेंगे। खंड स्तर पर चुनी गई सर्वश्रेष्ठ 20 वीडियो जिलास्तर पर भेजी जाएगी।
जिलास्तर पर 29 सितंबर से 3 अक्तूबर तक डाइट प्राचार्य की अध्यक्षता में श्रेष्ठ वीडियो का चयन किया जाएगा। इसमें कक्षा 1 से 3 और कक्षा 4 से 5 की सर्वश्रेष्ठ एक-एक वीडियो चुनी जाएगी। जिलास्तर पर चुनी गई वीडियो को राज्य के साथ साझा किया जाएगा। इस दौरान कलस्टर, खंड व जिलास्तर पर चुनी जाने वाली वीडियो के लिए संबंधित शिक्षक को प्रमाण पत्र दिए जाएंगे। टीचर ऑफ मंथ में शिक्षक की फोटो भी लगाई जाएगी।