संवाद न्यूज एजेंसी
महेंद्रगढ़। लघु सचिवालय में आयोजित समाधान शिविर में लंबे समय से ट्यूबवेल कनेक्शन के लिए कार्यालयों के चक्कर लगा रहे किसान और अधिकारी आमने-सामने हो गए। खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी रेणुलता यादव के सामने किसानों ने कहा कि वह बार-बार चक्कर लगा रहे हैं लेकिन उनके कनेक्शन नहीं दिए जा रहे हैं।
किसानों ने कहा कि वर्ष 2018 के बाद नए कनेक्शन नहीं दिए गए हैं। इन किसानों ने एक जनवरी 2019 से 31 दिसंबर 2021 तक खेतों में कनेक्शन लगवाने के लिए आवेदन किया था। किसानों ने कहा कि कनेक्शन के लिए एसडीएम को ज्ञापन सौंपा था लेकिन आज तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। बीडीपीओ ने कहा कि यह एसडीएम ही बता सकते हैं। इसके बाद बलवान फौजी ने बीडीपीओ से कहा कि आप यह कुर्सी छोड़ दो, अगर आप समाधान नहीं कर सकते है कुर्सी पर बैठने का कोई औचित्य नहीं है। 30 हजार रुपये की सहमति राशि भी किसानों ने एक वर्ष पहले जमा करा दी थी इसके बाद एस्टिमेट राशि भी जमा करा दी गई है। सरकार की किसान विरोधी नीतियों के चलते किसानों को नए कनेक्शन लेने के लिए कार्यालयों में धक्के खाने पड़ रहे हैं। इस मौके पर सोनू, मोनू, मनीपाल सरपंच, सुमित फौजी, वेदपाल, अजीत, विक्रम फौजी, सतपाली यादव, संदीप शास्त्री, सत्यवान सरपंच, सोनू सरपंच, योेगेश ठेकेदार, संदीप झूक, अभय, रामभगत यादव सहित अनेक किसान मौजूद रहे।
उधर, बीडीपीओ रेणु लता यादव ने वीरवार को समाधान शिविर में 17 लोगों की शिकायतें सुनीं। इनमें से अधिकतर का मौके पर ही समाधान किया जबकि बाकी शिकायतों को संबंधित विभागों को भेज कर जल्द निपटारा करने के निर्देश दिए।
बीडीपीओ ने बताया कि समाधान शिविर में पुलिस, राजस्व, नगर परिषद, समाज कल्याण आदि विभागों के अधिकारी उपस्थित रहेंगे। अब प्रॉपर्टी आईडी और परिवार पहचान पत्र की त्रुटियां दूर करने के लिए सुनवाई जिला और उपमंडल स्तर पर हो सकेगी।