नगर पालिका की ओर से शहर में सोमवार को रातोंरात सड़क का निर्माण किया गया लेकिन मंगलवार की सुबह ही सड़क की रोड़ियां बिखर गईं। लोगों ने सड़क निर्माण में घटिया सामग्री के प्रयोग का आरोप लगाया है। सड़क का नगरपालिका एमई और एसडीएम ने निरीक्षण भी किया। सोमवार की रात्रि को नगरपालिका ने ठेकेदार के माध्यम से महेंद्रगढ़ के आजाद चौक से कॉलेज मोड़ तक लगभग सवा किलोमीटर दूरी तक की सड़क बनाई गई। इसमें राम सिंह की कोठी से बड़े दरवाजे के पास तक एक टुकड़ा छोड़ा गया है।
11 हट्टा बाजार और आजाद चौक शहर के मुख्य बाजारों में से हैं। यह बाजार काफी व्यस्त रहता है। जिस कारण पालिका ने रोड रात्रि के समय में बनवाया। नगरपालिका ने रोड पर 4.50 लाख रुपये खर्च किए हैं लेकिन सुबह होते ही रोड दो-तीन जगह से उखड़ गया। जबकि सड़क के साइडों में पूर्ण रूप से रोलिंग नहीं की गई जिस कारण रोड़ियां बिखरी हुई हैं। शहर के दुुकानदारों ने नगरपालिका पर घटिया सामग्री का प्रयोग करने का आरोप लगाया है। अशोक, दीपक, प्रदीप, सत्यनारायण, दिनेश, कुलदीप, राजेंद्र, राहुल, चंद्रशेखर आदि ने कहा कि कई वर्षों के बाद यहां रोड बनाया गया है। यह भी एक ही रात में टूट गया।
गुणवत्ता न रखने वाले ठेकेदार हो ब्लैक लिस्ट
शिक्षामंत्री प्रो. रामबिलास शर्मा ने 11 दिसंबर को नारनौल में अधिकारियों को निर्देश दिए थे कि गुणवत्ता के साथ कोई समझौता नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा था कि जो ठेकेदार तय समय में और गुणवत्ता को ध्यान में रखकर कर काम नहीं कर रहे उन्हें ब्लैक लिस्ट किया जाएगा। उसके चार दिन बाद ही उनके हलके में लोगों ने सड़क में हलकी सामग्री लगाने का आरोप लगाया है।