फोटो संख्या:59- जमुवाए माता मंदिर संतनाली में आयोजित कथा के दौरान श्रीराम विवाह की झांकी निकालत
सतनाली। जमुवाए माता मंदिर में छठे दिन श्रद्धालुओं को भगवान श्रीराम विवाह की कथा सुनाई गई। कथा व्यास महाराज कृष्ण ने बताया कि रामजी का विवाह संपन्नता का प्रतीक है। शिव भगवान का विवाह सादगी का प्रतीक है।
श्रीराम कथा के दौरान भगवान श्रीराम का विवाह उत्सव मनाया गया। कथाव्यास ने प्रभु श्रीराम विवाह का प्रसंग सुनाते ही महिलाओं ने आओ सखियों मिल गावो बधाई राम की, बारात जनकपुर आई, आओ सखी गावो बधाई राम का विवाह आओ रे, से मंदिर प्रांगण गूंजने लगा। उन्होंने कहा कि दोनों विवाह हमें संदेश देते हैं कि अगर आप सम्पन्न हैं तो राम की तरह विवाह धूमधाम से करें। नहीं तो शिव की तरह सादगी से करें।
उन्होंने बताया कि रविवार को कथा के दौरान श्रीराम चंद्र के वनवास की कथा सुनाई जाएगी। इस दौरान कृष्ण श्यामपुरा, श्यामलाल, हरि सिंह जड़वा, विनोद डिगरोता, धूप सिंह सतनाली, मुनेश, शांति देवी, जमुना देवी, इंद्रा देवी, संता, अंशु, आयना, हेमलता, सीमी सहित अनेक श्रद्धालु मौजूद रहे।