नारनौल।
सलाहकार समिति के सदस्यों की शुक्रवार को रेलवे स्टेशन परिसर में बैठक हुई। बैठक के बाद समिति सदस्यों ने रेलवे जीएम के नाम एक मांगपत्र स्टेशन मास्टर जितेंद्र यादव व राजकुमार शर्मा को सौंपा।
समिति सदस्यों ने मांगपत्र में बताया है कि बड़ा बाग से रेलवे स्टेशन पर पैदल जाने वाले यात्रियों को रेलवे फाटक नंबर 40 के अंडर पास या रेलवे फाटक नंबर 41 के अंडर पास से होकर रेलवे स्टेशन जाना पड़ता है। यहां दोनों कॉरिडोर वाली लाइनों के बाहर की तरफ निर्माण कर दिया है। इससे पैदल यात्री ऊपर से नहीं जा सकते और अगर पैदल यात्री अंडरपास नंबर 41 से रेलवे स्टेशन जाते हैं तो उनको सात किलोमीटर जाना पड़ता है। इससे पैदल यात्रियों को भारी परेशानी होती है। उन्होंने बताया यदि पश्चिम की तरफ जहां प्लेटफार्म खत्म होता है, ठीक उसके सामने उत्तर दक्षिण की ओर कॉरिडोर वाली दोनों लाइनों पर पैदल यात्रियों के लिए एक छोटा तीन-चार फीट चौड़ी पुलिया बना दी जाए तो केवल तीन किलोमीटर रास्ता तय करना पड़ेगा। यह पैदल यात्रियों के लिए बहुत ही सुविधाजनक होगा। सलाहकार समिति के सदस्यों ने कोरोना काल में बढ़ाए गए रेवाड़ी-फुलेरा पैसेंजर के पैसे कम करने की भी मांग रखी। उन्होंने कहा कि पैसेंजर गाड़ी को एक्सप्रेस बनाकर सवारी से ज्यादा पैसे लिए जा रहे हैं। समिति के सदस्यों ने अलवर से बहरोड़, नारनौल, महेंद्रगढ़ होते हुए दादरी तक लाइन बिछाने की मांग भी रखी। इस दौरान समिति के सदस्यों को स्टेशन मास्टर ने पूरे स्टेशन का निरीक्षण भी करवाया। समिति सदस्यों ने यात्रियों के लिए पानी, सफाई तथा यात्रियों के बैठने की व्यवस्था आदि का निरीक्षण किया। इस मौके पर प्रमुख रूप से जितेंद्र सिंह, सुशील चौटाला, पंकज अग्रवाल, विनय जिंदल, विवेक अग्रवाल तथा संजय अमन आदि मौजूद रहे।