कस्बे में पिछले कुछ समय से लिंग जांच कर कन्या भ्रूण हत्या करने का मामला लगातार प्रकाश में आ रहा था। शुक्रवार देर शाम लिंग जांच कर कन्या भ्रूण हत्या के मामले का प्रयास करने वाले एक अस्पताल पर चंडीगढ़ की स्वास्थ्य विभाग की टीम ने छापा मारा।
इस दौरान आरोपी चिकित्सक रामेहर श्योराण के कब्जे से सात हजार नगद रुपये के साथ गिरफ्तार किया गया जिसे डॉक्टर ने भ्रूण जांच हेतू नकली ग्राहक से लिए थे। टीम ने अस्पताल से लिंग जांच करने वाली अल्ट्रा साउंड मशीन व लिंग जांच कराने आई महिला सहित अन्य सामग्री बरामद करने में कामयाबी हासिल की है।
सीएचसी कनीना के निकट स्थित अस्पताल एवं एक अल्ट्रा साउंड क्लीनिक पर देर शाम को एक महिला जो कि छापामार टीम द्वारा तैयार की हुई थी। वह जब भ्रूण हत्या कराने के लिए हॉस्पिटल पहुंची तब स्वास्थ्य विभाग की चंडीगढ़ टीम ने महिला के इशारे पर तुरंत मौके पर पहुंचकर भ्रूण जांच करते हुए डॉक्टर को मौके पर रगें हाथ पकड़ लिया। महिला के भ्रूण जांच के दौरान डॉक्टर ने लड़की होने की बात कही।
इस सूचना पर चंडीगढ़ मुख्यालय में तैनात सहायक दवा नियंत्रक आदर्श गोयल के नेतृत्व में गठित टीम जिसमें जिला रोहतक के दवा नियंत्रक अधिकारी मनमोहन तनेजा, जिला झज्जर के दवा नियंत्रक अधिकारी राकेश दहिया, जिला भिवानी के दवा नियंत्रक अधिकारी रमेश सारवान तथा जिला हिसार के दवा नियंत्रक अधिकारी बेनीवाल व महेन्द्रगढ़ जिला के उप जिला स्वास्थ्य अधिकारी शामिल थे ने कनीना पुलिस के एसएसओ बलजीत सिंह कंबोज व अन्य पुलिस अधिकारियों के सहयोग से छापा मार कर सफलता हासिल की।
देर रात मारे गए इस छापे से इस धंधे में लिप्त लोगों में हड़कंप मच गया। छापे की कार्यवाही जारी रहने के कारण अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि इस मामले में छापामार टीम को क्या-क्या बरामद हुआ है और इस मामले में कौन-कौन शामिल है। देर रात समाचार लिखे जाने तक क्लीनिक पर छापेमारी जारी थी।