नारनौल। उपायुक्त अजय कुमार के दिशा निर्देशन में जिले में ऑक्सीजन डॉट हरियाणा पोर्टल पर आ रहे आवेदनों पर तुरंत कार्यवाही की जा रही है। अभी तक जिले में 103 नागरिकों को ऑक्सीजन की होम डिलीवरी की जा चुकी है। हरियाणा सरकार द्वारा शुरू की गई यह सुविधा आम नागरिकों को बहुत बड़ी राहत दे रही है।
यह जानकारी देते हुए जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी एवं इस पोर्टल के नोडल अधिकारी तरुण कुमार ने बताया कि ऑक्सीजन डॉट हरियाणा पोर्टल पर सिलिंडर रिफिल के लिए होम डिलीवरी तुरंत करवाई जा रही है। उन्होंने बताया कि रविवार को ऑक्सीजन की 19 डिमांड लंबित हैं जिन पर रविवार को ही कार्यवाही कर दी जाएगी। उन्होंने कहा कि सिलिंडर रिफिल के लिए आने वाले आवेदनों में डोर टू डोर सप्लाई करने में किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं आ रही है।
उन्होंने बताया कि इस पोर्टल पर आवेदन के लिए एक निर्धारित प्रक्रिया पूरी करनी होती है। उसके बाद वे खुद उन आवेदनों को देखते हैं। जरूरत के अनुसार जल्द से जल्द ऑक्सीजन सिलिंडर की सप्लाई की जा रही है। नोडल अधिकारी ने बताया कि आवेदनों में कई बार ऐसे नागरिक आवेदन कर रहे हैं जिन्हें फिलहाल ऑक्सीजन की कोई जरूरत नहीं है। जिला रेडक्रॉस की तरफ से जब उनके घर पर जाकर जांच की जाती है तो वे बताते हैं कि वे एडवांस में ही ऑक्सीजन बुकिंग कराना चाहते हैं ताकि बाद में कोई परेशानी ना हो। नागरिकों के इस तरह के व्यवहार के कारण जरूरतमंदों को ऑक्सीजन सप्लाई में परेशानी हो सकती है। नागरिकों को इस तरह की हरकत नहीं करनी चाहिए।
उन्होंने बताया कि कई आवेदन ऐसे आते हैं जो अपने रिश्तेदार या जान पहचान वालों के लिए भी गलत तरीके से आंकड़े फीड करके आवेदन कर रहे हैं। जांच के दौरान पाया जाता है कि उनको ऑक्सीजन गैस की कोई भी जरूरत नहीं है। नोडल अधिकारी ने बताया कि यह पोर्टल ऑक्सीजन सिलिंडर को घर-घर डिलीवरी करने के लिए है। इसमें अगर नागरिक के पास खुद का सिलिंडर है तो उसे जल्द से जल्द सप्लाई दे दी जाती है। उन्होंने नागरिकों से आह्वान किया कि वे बिना जरूरत ऑक्सीजन के एडवांस में बुकिंग ना कराएं। ऐसा करने से जरूरतमंदों को ऑक्सीजन सप्लाई करने में परेशानी होती है। उन्होंने नागरिकों से आह्वान किया कि अगर उन्हें अधिक ऑक्सीजन की जरूरत महसूस हो रही हो तो वे तुरंत अस्पताल में दाखिल हों ताकि वहां पर उन्हें सही मात्रा में ऑक्सीजन दी जा सके।
उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन द्वारा पूरी गंभीरता के साथ हर आवेदन पर विचार किया जाता है। रेड क्रॉस के माध्यम से तुरंत जांच करवाई जाती है और जरूरतमंद को हर संभव कम से कम समय में ऑक्सीजन सिलिंडर की सप्लाई की जा रही है। इस प्रक्रिया को सुचारू रूप से चलने में आम नागरिकों का सहयोग बहुत ही जरूरी है। उन्हें घबराने की बिल्कुल भी जरूरत नहीं है जिले में फिलहाल ऑक्सीजन का पर्याप्त कोटा है।