फोटो संख्या:66- कनीना में श्रीमद्भागत कथा में प्रवचन सुनती महिलाएं--स्राेत- आयोजक
कनीना। ककराला रोड स्थित लालाराम निवास धर्मशाला में श्रीमद्भागवत कथा के चौथे दिन श्रीकृष्ण जन्मोत्सव की कथा सुनाई गई। श्रीकृष्ण जन्म की कथा का वर्णन करते हुए कथा वाचक मोहित कौशिक ने बताया कि कंस की कारागार में वासुदेव-देवकी के भादो मास की अष्टमी को रोहिणी नक्षत्र में भगवान श्रीकृष्ण का जन्म हुआ था।
उनका लालन-पालन नंदबाबा के घर में हुआ था। श्रीकृष्ण ने अत्याचारी कंस का वध करके पृथ्वी को अत्याचार से मुक्त किया और अपने माता-पिता को कारागार से छुड़वाया। कृष्ण जन्म की खुशी में कथा स्थल को विशेष रूप से सजाकर माखन मिश्री का प्रसाद वितरण किया गया तथा भक्तों ने नाच कूदकर नंदोत्सव मनाया। इस अवसर पर महेश हलवाई, संजय हलवाई, पंडित संजय शर्मा, रोहताश सेठ, राहुल यादव, राकेश, संदीप माहेश्वरी, संजय भारद्वाज, रामकला, चमेली, संजू देवी सुमन देवी, सरिता, देवेंद्र कृष्ण अशोक शिवकुमार मनोज सहित अनेकों श्रद्धालु मौजूद रहे।