नारनौल। जिले में लगातार मिलावटी सामान बेचने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है। अब इसी कड़ी में मार्च माह में करीब दो लाख रुपये का चालान किया गया है। प्रदेश में भारतीय खाद्य सुरक्षा एवं मानक प्राधिकरण की देखरेख में फूड सेफ्टी एक्ट लागू है। ऐसे में दूध व मिठाई विक्रेताओं को अपनी दुकानों का पंजीकरण करवाना जरूरी है। गैर पंजीकृत दुकानों पर जुर्माना लगाया जाएगा। दुकान पंजीकृत करवाने के लिए foscos.fssai.gov.in पर आवेदन किया जा सकता है। जिले में मार्च माह में अब तक फूड एंड सेफ्टी कोर्ट के केसों में 2 लाख 11 हजार 497 रुपए का चालान किया गया।
जानकारी देते हुए अतिरिक्त उपायुक्त दीपक बाबूलाल करवा ने बताया कि फूड सेफ्टी एक्ट के तहत दुकानदारों का लाइसेंस-रजिस्ट्रेशन जरूरी है। बिना लाइसेंस-रजिस्ट्रेशन के कोई भी दुकानदार कारोबार नहीं कर सकेगा। यदि वह अवैध रूप से कारोबार करेगा तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। एडीसी ने कहा कि बिना लाइसेंस व्यापार करने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।