राव जयराम शिक्षण संस्थान एवं अमर उजाला फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में पुलिस की पाठशाला के तहत सुरक्षित यातायात विषय पर कार्यक्रम किया गया। बतौर मुख्यातिथि अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सिद्धांत जैन ने पाठशाला का शुभारंभ किया। कार्यक्रम में संस्थान के 700 बच्चों व 100 से अधिक स्टाफ सदस्यों को एएसपी व यातायात जिला प्रभारी सत्यनारायण ने यातायात नियमों का पाठ पढ़ाया।
एएसपी सिद्धांत जैन ने बताया कि अधिकांश सड़क दुर्घटनाएं यातायात नियमों की अनदेखी के चलते होती हैं। विद्यार्थी जीवन से ही यातायात नियमों के प्रति जागरूक किया जाए तो यह पीढ़ी आगे चलकर यातायात की बेहतर व्यवस्थाएं बनाने में भूमिका निभा सकती हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे अपने परिजनों व आसपास के लोगों को भी यातायात नियमों के प्रति जागरूक करें। राव जयराम शिक्षण संस्थान के चेयरमैन हरिसिंह व निदेशक सुरेंद्र यादव ने पुलिस अधिकारियों व कर्मचारियों की सराहना की। इस दौरान विद्यार्थियों ने सांस्कृतिक कार्यक्रमों के माध्यम से यातायात नियमों के प्रति जागरूक किया। कार्यक्रम के दौरान एएसपी रीडर राजीव श्योराण, उप निरीक्षक रवि कुमार, संदीप कुमार सहित अन्य पुलिसकर्मी भी उपस्थित रहे।
इस प्रकार के आयोजन होंगे सहायक
सुरक्षित यातायात के लिए इस प्रकार के कार्यक्रम महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। उन्हें शिक्षण संस्थान में ही यातायात नियमों के बारे में जानकारी मिलेगी जिससे वे अपने परिजनों को भी जागरूक कर सकेंगे।
- तन्नू, छात्रा 12वीं।
परिजनों को भी करेंगे जागरूक:
कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधिकारियों द्वारा यातायात नियमों के बारे में विस्तार से बताया गया है। इस तरह के आयोजनों से यातायात नियमों के प्रति उनके ज्ञान में वृद्धि होगी। भविष्य में सुरक्षित यातायात के लिए जागरूक रहेंगे।
- कीर्ति, छात्रा 12वीं।
हर हाल में करेंगे नियमों की पालना।
पुलिस की पाठशाला में यातायात नियमों के प्रति सभी प्रकार की जानकारी मिली। उन्होंने पाठशाला के माध्यम से जाना है कि बिना जानकारी के वाहन चलाना दुर्घटनाओं को निमंत्रण देता है। वह अपने परिवार के सदस्यों तक भी यह जानकारी पहुंचाएगी।
- पूनम, छात्रा 12वीं।
लाभकारी साबित होगी पाठशाला
संस्थान व अमर उजाला की ओर से आयोजित पुलिस की पाठशाला हम बच्चों के लिए लाभकारी साबित होगी। आज हमें पुलिस के आला अधिकारियों से रूबरू होने का अवसर मिला। साथ ही पुलिस के प्रति सोच भी बदली है।
- प्रीति, छात्रा 12वीं।
अनुशासन में रहने का सीखाया पाठ
आज हमें यातायात नियमों के अलावा अनुशासन में रहने का भी पाठ पढ़ाया गया जो हमें अपने लक्ष्य तक पहुंचाने में काफी मददगार साबित होगा। कक्षाओं में इस तरह की बातों पर कम ही ध्यान दिया जाता है। लेकिन इस कार्यक्रम के माध्यम से सुरक्षित यातायात की जानकारी मिली है।
- पूजा, छात्रा 12वीं।
सराहनीय पहल, मिलेगा लाभ
अमर उजाला फाउंडेशन की यह सराहनीय पहल है। हमें यातायात नियमों के बारे में विस्तार से जानकारी मिली है। जानकारी होने से सुरक्षित यातायात में अब वह भी अपनी भूमिका निभा पाएगा।
-अमन, 11वीं।
इस तरह के कार्यक्रमों से लगेगा हादसों पर अंकुश
इस तरह के जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से आए दिन हो रहे सड़क हादसों पर अंकुश लगेगा। जागरूक युवा जब वाहन चलाएंगे तो वह नियमों का पालन कर सुरक्षित यातायात में अपनी भूमिका निभाएंगे।
-शुभम, छात्र 11वीं।
जागरूकता से पुलिस के सहयोगी बनेंगे
पाठशाला में दी गई जानकारी को समाज तक पहुंचाकर हम भी अब पुलिस की इस मुहिम में भागीदारी निभा सकते हैं। यह संस्थान में इस तरह का पहला आयोजन था। सार्वजनिक स्थानों पर सुरक्षित यातायात के श्लोगन लिख संदेश दे सकेंगे।
-महेश।
लाइसेंस बनने से पहले मिली जानकारी देगी लाभ:
अभी लाइसेंस बनने में दो वर्ष का समय है। इस प्रकार की जानकारी पहले मिलने से हमें वाहन चलाने में आसानी रहेगी। साथ ही अन्य साथियों को भी जागरूक करने का मौका मिलेगा। यह सराहनीय पहल है।
-दीपक, छात्र 11वीं।
नशा कर वाहन चलाना घातक
पाठशाला के माध्यम से नशे के कुप्रभावों के बारे में जानकारी मिली है। नशे का सेवन करके वाहन चलाना घातक है। पाठशाला में यातायात संकेतकों के बारे में विस्तार से जानकारी मिली है। भविष्य में यह जानकारी काम आएगी। -अमित, छात्र 11वीं।