कनीना। आर्य समाज कनीना के तत्वावधान में राजकीय कन्या उच्च विद्यालय में दो दिवसीय खंड स्तरीय वार्षिकोत्सव समारोह का आयोजन किया गया।
डॉ. मोहन मनीषी व आचार्य सोमदेव ने बताया कि कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य समाज में व्याप्त जात-पात, पाखंड, अंधविश्वास तथा आडंबरों के विरुद्ध जनजागृति फैलाना और वेदों के मूल संदेश को आमजन तक पहुंचाना रहा। वास्तव में मनुष्य जीवन अनमोल है, जो सत्कर्मों और ईश्वर आराधना के फलस्वरूप मिलता है, लेकिन आज का मानव अज्ञानतावश पाखंडी धर्मगुरुओं और आडंबरों में उलझ कर अपने जीवन का वास्तविक उद्देश्य भूल चुका है। सभा में वेदों की ओर लौटो सत्य शास्त्रों को दुनिया के सामने लाओ और अंध श्रद्धा छोड़ो, विवेक अपनाओ जैसे नारों के माध्यम से समाज को जागरूक किया गया।
बताया कि आर्य समाज ने न केवल धार्मिक सुधारों में बल्कि देश की आजादी के आंदोलन में भी अग्रणी भूमिका निभाई। हैदराबाद के निजाम के विरुद्ध विद्रोह और अंग्रेजों को कर न देने का आंदोलन इसकी मिसाल हैं। वार्षिकोत्सव के दूसरे दिन भजन, प्रवचन, वैदिक यज्ञ एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से कार्यक्रम को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया गया।
कार्यक्रम का मंच संचालन कृष्ण प्रकाश आर्य ने किया। कार्यक्रम में क्षेत्र के प्रतिष्ठित वैदिक विद्वानों एवं समाजसेवियों बंशीधर कलवाड़ी, सतीश आर्य रसूलपुर, बुधराम आर्य, रामेश्वर दयाल शास्त्री, मोहर सिंह आर्य, कृष्ण प्रकाश आर्य, बलवान आर्य, विनोद कुमार शास्त्री, वेद प्रकाश आर्य, इंद्रलाल शर्मा, यश देव आर्य मौजूद रहे।
फोटो संख्या:62-आर्य समाज की ओर से राजकीय कन्या उच्च विद्यालय में वार्षिक उत्सव के दूसरे दिन