ग्रीन जोन में शामिल महेंद्रगढ़ जिला जल्द ओरेंज जोन में तब्दील हो सकता है। दिल्ली में तैनात आरपीएसएफ के तीनों कर्मियों की कोरोना रिपोर्ट शनिवार को पॉजिटिव आई है। वहीं चौथा युवक भी दिल्ली
से आया था, उसकी रिपोर्ट भी पॉजिटिव आई है। जिले में कोविड-19 के चार मरीज होने पर स्वास्थ्य विभाग तैयारियों में जुट गया है। हालांकि चारों का नारनौल से सीधा कोई कनेक्शन नहीं है। चारों दिल्ली से आए हैं।
सीएमओ डॉ. अशोक कुमार ने बताया कि पहले तीनों कर्मियों ने दिल्ली के एक निजी लैब में जांच कराई थी। इसमें से दो की रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी। मामला प्रकाश में आने पर तीनों व उनके संपर्क में दो अन्य का सैंपल रोहतक पीजीआई वीरवार को भेजा गया था। जिसकी रिपोर्ट शनिवार दोपहर में मिली। इसमें तीनों कोरोना संक्रमित मिले हैं। इसके साथ ही एक युवक सात मई को दिल्ली से नारनौल आया था। उसका भी सैंपल लिया गया था। उसकी भी रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। उन्होंने कहा कि आरपीएसएफ के एक जवान के ससुर व अन्य की रिपोर्ट अभी नहीं आई है। सीएमओ ने बताया कि तीनों कर्मचारियों व दो अन्य की ट्रैवल हिस्ट्री ली जा चुकी है। तीनों कर्मी अधिक लोगों से नहीं मिले हैं। लेकिन एक कर्मी के ससुर की कई लोगों से मिलने की बात सामने आई है। ससुर करीब 50-60 लोगों के सम्पर्क में आया है। उसकी रिपोर्ट आने के बाद उससे संपर्क में आए लोगों की जांच व होम क्वारंटीन के लिए कहा जाएगा।
सीएमओ डॉ. अशोक कुमार ने बताया कि कोरोना के मरीजों के उपचार के लिए पटीकरा गांव स्थित बाबा खेतानाथ आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज व अस्पताल को प्रयोग में लाया जाएगा। उन्होंने बताया कि इसे कोविड-19 अस्पताल का नाम दिया गया है। इसमें 100 बेड का आइसोलेशन वार्ड बनाया जाएगा।
उन्होंने बताया कि आयुर्वेदिक अस्पताल में रविवार कोरोना के सभी मरीजों को शिफ्ट कर दिया जाएगा। जिले में भी कोरोना के केस बढ़ने से इनकार नहीं किया जा सकता है। इसी अनुसार तैयारियां की जा रही हैं। डॉ. अशोक ने कहा कि अभी जिले का कोई मरीज इससे प्रभावित नहीं है। ऐसे में अभी संक्रमण का खतरा बाहर से आने वाले लोगों से है। ऐसे में जो लोग बाहर से आ रहे हैं वह आरोग्य सेतु एप का प्रयोग करें। इससे विभाग को ऐसे लोगों को ट्रेस करने में मदद मिलेगी।
चरखी दादरी का जवान भी निकला पॉजिटिव
सात मई को फ्लू कार्नर में आरपीएसएफ के तीन कर्मी जांच के लिए आए थे। ये तीनों दिल्ली में तैनात थे, जो पांच मई को नारनौल पहुंचे थे। तीनों न्यू हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी हुडा सेक्टर एक में रुके थे। तीनों ने बताया था कि दिल्ली से चलने से पहले करोलबाग स्थित निजी अस्पताल जीवनमाला में कोरोना की जांच करवाई थी। जिसमें दो कोरोना पॉजिटिव आए हैं।
चरखी दादरी वाले कर्मी की रिपोर्ट निगेटिव थी। इसके बाद तीनों को नागरिक अस्पताल में आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कराया गया था। सभी का दोबारा से सैंपल लेकर पीजीआई रोहतक भेजा गया था। इसमें एक कर्मी नारनौल के पास के गांव है। दूसरा पचेरी राजस्थान और तीसरा चरखी दादरी का है। पहले नारनौल और राजस्थान निवासी कर्मी की रिपोर्ट पॉजिटिव। अब चरखी दादरी की भी रिपोर्ट पॉजिटिव है। दिल्ली से तीनों एक साथ आए और एक साथ रह रहे थे। ऐसे में दोनों के संपर्क में आने से चरखी दादरी का भी कर्मी संक्रमित हुआ।
दिल्ली से आते ही लिया सैंपल, निकला पॉजिटिव
जानकारी के अनुसार युवक सात मई को दिल्ली से नारनौल कैब से पहुंचा था। बस स्टैंड पहुंचते ही इसने अपने मोहल्ले के दोस्तों को फोन किया था। इसके बाद पैदल ही घर के लिए निकल पड़ा था। इसके बाद युवक को जीएच में ले जाया गया। जहां पर डॉक्टरों से सैंपल लेकर जांच के लिए भेज दिया था। अब उसकी रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। युवक को ट्रेस करने में आरोग्य सेतु एप भी काम आया। दिल्ली से नारनौल आने के बाद एप पर वह रेड जोन शो कर रहा था। इससे भी हेल्थ विभाग को मदद मिली। इसलिए यह युवक किसी से नहीं मिल सका। इससे हेल्थ विभाग को राहत मिली है। युवक से पूछताछ के बाद हेल्थ विभाग ने कैब चालक की पहचान कर उसे होम क्वारंटीन रहने को शनिवार को कहा है। इसके बाद अब उसका रविवार को सैंपल लिया जाएगा। यदि वह पॉजिटिव आता है तो उसकी चेन की जांच शुरू होगी।