नारनौल। गर्मी के मौसम में आग की घटनाएं होने की आशंका बनी रहती है। ऐसे में जिले में दमकलकर्मियों की हड़ताल से दमकल विभाग की व्यवस्था प्रभावित हुई है।
जिले में कुल 60 दमकल कर्मचारी तैनात हैं। इनमें से 40 कर्मचारी 21 दिनों से हड़ताल पर हैं। ऐसे में पूरे जिले की जिम्मेदारी अब मात्र 20 नियमित कर्मचारियों पर आ गई है। हालात यह हैं कि यदि एक साथ दो-तीन स्थानों पर आग लग जाए तो स्थिति नियंत्रण से बाहर हो सकती है।
विभाग ने अस्थायी समाधान के तौर पर रोडवेज विभाग से 10 चालकों की ड्यूटी लगाई गई है लेकिन प्रशिक्षित फायर स्टाफ की कमी अब भी बड़ी चुनौती बनी हुई है। आग बुझाने जैसे संवेदनशील कार्य में अनुभव और प्रशिक्षण बेहद जरूरी होता है।
महेंद्रगढ़ जैसे बड़े जिले में आग बुझाने के लिए केवल आठ दमकल गाड़ियां और एक रेस्क्यू वाहन उपलब्ध है। इनमें से नारनौल और महेंद्रगढ़ में तीन-तीन गाड़ियां तैनात हैं, जबकि अन्य क्षेत्रों में संसाधन सीमित हैं।
वर्जन
वर्तमान में दमकल कर्मचारियों की हड़ताल के चलते दस चालक रोडवेज विभाग से सेवाएं दे रहे हैं। हमने छह नई दमकल गाड़ियां और अतिरिक्त स्टाफ की मांग की है। गर्मी में आग की घटनाओं को देखते हुए हम 24 घंटे तैनात रहते हैं।-राजवीर सिंह, एफएसओ, नारनौल।