जयराम सदन में लोगों की समस्याएं सुनते हुए शिक्षामंत्री प्रो. रामबिलास शर्मा
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दोहान नदी का पानी महेंद्रगढ़ से आगे नहीं जाने से नाराज सरपंचों ने शिक्षामंत्री को शिकायत सौंपी। शिक्षामंत्री ने मौके पर ही अधिकारियों से फोन कर जानकारी ली। उन्होंने कहा कि सिंचाई विभाग और वन विभाग मिलकर इसका समाधान निकालें। जनता को जल्द से जल्द राहत मिलनी चाहिए।
सरपंचों का एक प्रतिनिधिमंडल भी शिक्षामंत्री से मिला। जिसमें माजरा गांव के सरंपच भीम यादव, बसई के सरपंच हरिओम तंवर, मालड़ा सराय के सरपंच लालचंद यादव, सिसोठ के सरपंच विजय, नांगल सिरोही के सरपंच प्रतिनिधि हवा सिंह यादव, निहालावास के विद्याधर, बवाना के सरपंच संतोष, मालड़ा बास के सरपंच प्रतिनिधि अतर सिंह यादव, लावन के सरपंच प्रतिनिधि कृष्ण सहित अन्य गांवों के लोग शामिल थे।
उन्होंने शिक्षामंत्री को कहा कि दोहान नदी में छोड़ा गया पानी वन विभाग की रुकावट की वजह से महेंद्रगढ़ से आगे नहीं पहुंच पा रहा है। जिसके कारण उक्त गांव के लोगों को दोहान का पानी नहीं मिल रहा है। सरपंचों ने शिक्षामंत्री से समाधान करने की गुहार लगाई। जिस पर शिक्षामंत्री ने डीएफओ राजेश शर्मा, सिंचाई विभाग के एक्सईएन पवन भारद्वाज से फोन पर बात कर इस समस्या का जल्द समाधान करने के लिए कहा। बता दें कि दोहान नदी में पानी छोड़ने के प्रोजेक्ट का शिक्षामंत्री ने शुभारंभ किया था। जिसमें डेरोली जाट से गांव बसई, आकोदा तक पानी जाना था। वन विभाग ने आरक्षित वन क्षेत्र में खुदाई का काम बंदा कर दिया। जिसके बाद नदी में छोड़ा गया पानी महेंद्रगढ़ से आगे नहीं जा पा रहा।
अगले महीने चकाचक होंगी सड़कें
शिक्षामंत्री रामबिलास शर्मा ने शुक्रवार को जयराम सदन में लोगों की समस्याएं सुनीं। उन्होंने कहा कि शहर में जर्जर सड़कों को नए सिरे से बनाया जाएगा। नगर पालिका की ओर से टेंडर मांगे हैं। सितंबर में काम शुरू हो जाएगा। एक करोड़ रुपये की लागत से सड़कों का निर्माण होगा। शिक्षामंत्री ने नगर पालिका के उपप्रधान रमेश बोहरा को निर्देश दिए कि पालिका के विकास कार्यों में तेजी लाएं।