नाइजीरिया में अपहृत किए 18 भारतीयों समेत 19 लोगों तक पहुंचने के लिए जानकारी के लिए भारत सरकार और नाइजीरिया सरकार के साथ मिलकर सर्च ऑपरेशन चला रही है। शिप कंपनी भी अपने स्तर पर प्रयास कर रही है। नाइजीरिया ने शिप को ट्रेस आउट कर लिया है। कंपनी हर छह घंटे में फोन कर पीड़ित परिवार वालों का हालचाल पूछ रही है। कंपनी ने परिजनों के लिए अलग से हेल्पलाइन नंबर भी जारी किए हैं। परिजनों को लगातार अपडेट भी दी जा रही है।
मंगलवार को कंपनी ने इंजीनियर जय सिंह के पिता सुरेंद्र सिंह को फोन पर उसकी सुरक्षित रहने की बात कही। कंपनी की ओर से आश्वासन दिया गया कि जल्द ही सभी कर्मचारियों को छुड़ा लेेंगे। इसके लिए उनके प्रयास लगातार जारी हैं। कंपनी परिजनों की सुरक्षा के लिए गंभीर हैं। परिजनों को मुंबई आकर रहने का ऑफर भी दिया है। शिप कंपनी प्रबंधन ने विजय के परिजन को फोन कर कहा कि किसी भी तरह का संबंधित कॉल आने पर उसकी सूचना तत्काल कंपनी को दें। फोन पर हुई बातचीत में परिजन द्वारा शिप कंपनी से जय सिंह के बारे में पूछने पर, प्रबंधन ने समय तो नहीं बताया। लेकिन शिप कंपनी से लेकर केंद्र सरकार के स्तर पर खोजबीन में लगे होने की बात कही है। इसके अलावा उन्होंने यह भी बताया कि सभी लोग सुरक्षित हैं, उनको जल्द ही छुड़वा लिया जाएगा। परिजन उसके सकुशल लौटने के इंतजार में हैं। बता दें कि समुद्री लुटेरों ने नाइजीरिया के पास मालवाहक समुद्री जहाज का अपहरण कर लिया है। उसमें सवार 19 लोगों में 18 भारतीय हैं। इन भारतीयों में एक युवक महेंद्रगढ़ के गांव डेरोली अहीर निवासी इंजीनियर जय सिंह भी शामिल है। जय सिंह पिछले दो साल से मुंबई की एंग्लो ईस्टर्न शिप मैनेजमेंट प्राइवेट लिमिटेड कंपनी में बतौर मर्चेट नेवी थर्ड ग्रेड इंजीनियर के पद तैनात है। जब मंगलवार 3 दिसंबर की रात को नाइजीरिया तट के पास पहुंचा तो समुद्री लुटेरों ने जहाज पर हमला कर उसका अपहरण कर लिया था।
उक्त मामले में शिप को ट्रेस आउट कर लिया गया है। अभी लुटेेरों की लोकेशन ट्रेस नहीं हो पाई है। भारत सरकार और नाइजीरिया सरकार मिलकर काम कर रही हैं। इसके अलावा कंपनी भी भारत सरकार एवं नाइजीरिया सरकार से डायरेक्ट संपर्क में हैं।
-विधिश त्यागी, एमटीआई, अधिकारी।