नारनौल। नगर परिषद अधिकारियों की कार्यशैली से पार्षद असंतुष्ट नजर आ रहे हैं जिसके चलते सभी पार्षद लामबंद हो गए है। असंतुष्ट पार्षदों ने बुधवार को नगर परिषद अधिकारियों के साथ बैठक कर शहर की साफ-सफाई व्यवस्था सहित शहर के विकास कार्यों को लेकर चर्चा की। बैठक में 20 से अधिक पार्षद मौजूद रहे। जिन्होंने अपने-अपने वार्डों में नियमित व ठीक प्रकार से साफ-सफाई नहीं होने का मुद्दा नप अधिकारियों व चेयरपर्सन के समक्ष उठाया। जिसको लेकर अधिकारियों व पार्षदों के बीच काफी बहसबाजी देखने को मिली। आखिर में नगर परिषद चेयरपर्सन कमलेश सैनी व नप अधिकारियों ने पार्षदों को ठीक प्रकार से शहर की साफ-सफाई करवाने का आश्वासन देकर पार्षदों को शांत करवाया। इससे पूर्व लामबंद पार्षदों ने नगर परिषद की कार्यप्रणाली को लेकर मंगलवार सायं को जैन मांगलिक भवन में बैठक की थी। जिसमें 30 में से 24 पार्षद मौजूद रहे।
बता दें कि नगर परिषद चुनाव हुए नौ माह का समय बीत चुका है। करीब छह माह पूर्व सदन की बैठक हुई थी। जिसमें नगर अधिकारियों ने सभी पार्षदों ने अपने-अपने वार्डों में विकास कार्यों के लिए प्रस्ताव मांगे थे। जिसमें सभी पार्षदों ने अपने-अपने वार्डों में सड़क, नालियां बनवाने आदि विकास कार्यों के लिए प्रस्ताव दिए थे। बैठक में पार्षदों के विकास कार्यों के लिए जल्द टेंडर लगाने की सहमति बनी थी मगर अभी तक उनके द्वारा दिए गए विकास कार्यों के टेंडर लगाने की प्रक्रिया पर कोई कार्य नहीं हुआ है। जिससे पार्षद नगर परिषद की कार्यप्रणाली से खफा है। इसी को लेकर सभी पार्षद नगर परिषद अधिकारियों के खिलाफ लामबंद हो रहे हैं। बैठक में नगर परिषद चेयरपर्सन कमलेश सैनी, अधीक्षक अभियंता अंकित वशिष्ठ, जेई प्रवीण मलिक सहित अन्य अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे।
सफाई को लेकर पार्षद नहीं है संतुष्ट
नगर पार्षद शहर की सफाई को लेकर बिल्कुल भी संतुष्ट नहीं है, क्योंकि नगर परिषद ने सफाई को लेकर जो टेंडर छोड़ा है। उसमें टेंडर की शर्त अनुसार ठेकेदार केवल शहर के मोहल्लों में एकत्रित होने वाले कूड़े को ही उठाने का कार्य करेंगा। जबकि शहर की सफाई नगर परिषद कर्मचारी करेंगे। ऐसे में पार्षदों का कहना है कि जब अगर नगर परिषद कर्मचारी ही शहर की सफाई करेंगे तो सफाई टेंडर छोड़ने का क्या औचित्य रह गया है। इससे अच्छा अगर नगर परिषद सफाई टेंडर की राशि से सफाई कर्मचारियों की भर्ती करे और नए वाहन खरीदें ताकि नगर परिषद ही स्वयं शहर की सफाई करवा सके।
सफाई ठेकेदार के राजनेता का नजदीकी होने का लगाया आरोप
पार्षद नितिन चौधरी ने सफाई ठेकेदार को सरकार के बड़े नेता का नजदीकी होने का आरोप लगाया। पार्षद ने कहा कि इसी के चलते ठेकेदार मनमानी से कार्य कर रहा है। पार्षद ने कहा कि चेयरपर्सन भी जजपा पार्टी की वरिष्ठ नेता है। जबकि उनकी पार्टी के नेता उपमुख्यमंत्री है। ऐसे में उन्हें अपने प्रयास से शहर के विकास के लिए नगर परिषद को दिलवाना चाहिए।