नारनौल। सरकारी स्कूलों में पढ़ने वाले दूसरी से चौथी कक्षा के बच्चे अक्षर ज्ञान, जमा-घटा और 99 से 999 तक की गिनती भी करने में भी पूरी तरह से सक्षम नहीं हैं। यही नहीं दूसरी से चौथी कक्षा के यह बच्चे अपनी पिछली कक्षा से संबंधित हिंदी व गणित विषयों की भी पूरी जानकारी नहीं रखते हैं। यह खुलासा शिक्षा विभाग की ओर से दूसरी से चौथी कक्षा के बच्चों की फाउंडेशन लिटरेसी व न्यूरेसी निपुण हरियाणा के तहत ली गई परीक्षा में हुआ। मई में आयोजित इस परीक्षा का परिणाम अगस्त में जारी किया गया। जिले के 50 प्राइमरी स्कूलों के 785 बच्चों को परीक्षा में शामिल किया गया। इन बच्चों को उनकी पिछली कक्षा से संबंधित हिंदी व गणित के सवाल करवाए गए। मसलन दूसरी कक्षा के बच्चे से पहली कक्षा के सवाल किए गए। इसमें सामने आया कि दूसरी कक्षा के मात्र 25 प्रतिशत बच्चे ही पहली कक्षा के 15 शब्द पढ़ सके। इसके अलावा दो अक्षरों का जोड़ व 99 तक गिनती, एक डिजिट का घटा-जोड़ भी केवल 25 प्रतिशत बच्चे ही कर पाए। बाकी 75 प्रतिशत बच्चे यह काम नहीं कर सके। इसी प्रकार तीसरी कक्षा के 10 प्रतिशत बच्चे ही एक मिनट में 45 शब्द पढ़ सके। साथ ही 99 तक गिनती केवल 10 प्रतिशत बच्चे ही कर सके। बाकी 90 प्रतिशत बच्चे ऐसा नहीं कर पाए। इसी प्रकार चौथी कक्षा के 17 प्रतिशत बच्चे ही तीसरी कक्षा से पूछे गए एक मिनट में 60 शब्द पढ़ सके। साथ ही पैराग्राफ से उत्तर छांटने, 999 तक गिनती और एक डिजिट की गुणा केवल 17 प्रतिशत बच्चे कर पाए। बाकी 83 बच्चे ऐसा नहीं कर सके।
अब आगे की विभाग की यह है तैयारी
वर्ष 2022-23 में जिले के 18 प्रतिशत बच्चे निपुण हुए। इसके अलावा अब 2023-24 में निपुण का लक्ष्य 50 प्रतिशत रखा गया है। इसके अलावा 2024-25 तक बच्चों को निपुण करने का लक्ष्य 75 प्रतिशत और 2025-26 तक बच्चों को निपुण करने का लक्ष्य शत-प्रतिशत रखा गया है।
जिले के पहली से तीसरी के कितने प्रतिशत बच्चे हिंदी, गणित में हुए निपुण
पहली कक्षा के बच्चे हिंदी में निपुण-47 प्रतिशत
पहली कक्षा के बच्चे गणित में निपुण-33 प्रतिशत
-पहली कक्षा के बच्चे हिंदी व गणित दोनों में हुए निपुण-25 प्रतिशत
-दूसरी कक्षा के बच्चे हिंदी में निपुण- 21 प्रतिशत
-दूसरी कक्षा के बच्चे गणित में निपुण-31 प्रतिशत
-दूसरी कक्षा के बच्चे हिंदी व गणित दोनों में हुए निपुण-10 प्रतिशत
-तीसरी कक्षा के बच्चे हिंदी में निपुण-32 प्रतिशत
-तीसरी कक्षा के बच्चे गणित में निपुण-31 प्रतिशत
-तीसरी के बच्चे हिंदी व गणित में निपुण-17 प्रतिशत
निपुण योजना के तहत आगामी परिणाम बेहतर करने के लिए लक्ष्य दिए गए हैं। इसके लिए बैठक भी आयोजित की गई है। भविष्य में होने वाली परीक्षा में बेहतर परिणाम सामने आएंगे।
सुनील दत्त, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी, नारनौल