फौटो 10 जिला बार एसोसिएशन की वेब साइट। संवाद
नारनौल। यदि आपको कोर्ट में किसी वकील से मिलकर कोई कानूनी सहायता लेनी है, तो अब आपको चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। क्योंकि बार एसोसिएशन ने अपनी वेबसाइट तैयार कर दी है।
इस वेबसाइट को तैयार करने का मकसद केवल इतना है कि किसी भी आमजन को वकील से मिलने व उससे बात करने के लिए परेशान न होना पड़े। साल 2025 में हुए बार एसोसिएशन के चुनाव के दौरान बने एसोसिएशन के प्रधान संतोख सिंह यादव ने आमजन के हित में काम करते हुए एक वेबसाइट तैयार करवाई है। जिसमें आमजन को 1007 वकीलों के मोबाइल नंबर आसानी से उपलब्ध हो पाएंगे।
इस वेब साइट में वकीलों के नंबर तो मिलेंगे ही, साथ ही कोर्ट से जुड़ी ऐतिहासिक जानकारी भी मिलेगी। जिसमें कोर्ट से जुड़ा इतिहास भी आपकाे देखने को मिलेगा। जिसमें बताया गया है कि नारनौल कोर्ट अंग्रेजों के जमाने से काम करती आ रही है।
इंसेट
1858 से 1905 तक 16 नाजिम थे पोस्टेड
नाजिम मुगल काल में एक क्षेत्रीय न्यायिक अधिकारी था, जो प्रांत की अदालतों का संचालन करता था। 1858 से लेकर साल 1905 तक नारनौल में 16 नाजिम अधिकारी रह चुके हैं। इसके बाद से नाजिम की पावर को जिला सेशन जज को दे दी गई थी।
वर्जन:
आमजन के हितों काे ध्यान में रखते हुए वेबसाइट तैयार करवाई गई है। इसमें वकीलाें के नाम नंबर के साथ साथ नारनौल कोर्ट का इतिहास भी बताया गया है। जिससे लोगों को कोर्ट के प्राचीन इतिहास को जानने का मौका भी मिलेगा।-संतोख सिंह यादव, प्रधान, बार एसोसिएशन