महेंद्रगढ़। बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत शुक्रवार को महिला और बाल विकास विभाग की ओर से खंडस्तर पर एसएचजी ग्रुप, आंगनबाड़ी वर्कर औश्र सुपरवाइजरों को बाल विवाह के खिलाफ शपथ दिलाई।
इस मौके पर महिला एवं बाल विकास परियोजना अधिकारी कार्यालय महेंद्रगढ़ से सुपरवाइजर चंचल ने कहा कि सरकार ने लड़की की शादी की न्यूनतम उम्र 18 वर्ष व लड़के की शादी की न्यूनतम उम्र 21 वर्ष निर्धारित की गई है। उन्होंने कहा कि हमें सरकार द्वारा निर्धारित आयु पूरी होने के बाद में ही हमें अपने बच्चों की शादी करनी चाहिए। बाल विवाह मुक्त भारत अभियान का उद्देश्य हर लड़की को शिक्षा, स्वतंत्रता और बेहतर भविष्य का अधिकार देना है।
सुपरवाइजर नीतू ने बताया कि बाल विवाह एक सामाजिक बुराई है जिसके खिलाफ हम सबको एक साथ मिलकर लड़ना होगा। उन्होंने कहा कि अगर आपके समुदाय में इस तरह का कार्य होता है तो आप प्रशासन को तुरंत सूचित करें ताकि बाल विवाह को रोका जा सके। इस मौके पर सुपरवाइजर सुमन बाई, दर्शना, सुनीता, आंगनबाड़ी वर्कर व एसएचजी की महिलाएं मौजूद थी।