अमर उजाला ब्यूरो
कनीना। रेवाड़ी-बीकानेर रेल लाईन पर आने वाले गुढ़ा-केमला रेलवे स्टेशन के पास स्थित गेट संख्या 90 सी पर अंडरपास न बनाए जाने की मांग को लेकर दर्जनभर गांवों के ग्रामीणों ने धरना दिया। ग्रामीणों ने यहां क्लोज गेट को ओपन गेट घोषित करने की मांग की।
धरना स्थल पर मौजूद गुढ़ा के सरपंच धर्मपाल, रसूलपुर के सरपंच उमेद सिंह, केमला के पूर्व सरपंच राजू सिंह , नंबरदार महाबीर सिंह, दलीप सिंह, कप्तान गंगा सिंह, बसंत लाल जोशी, सूबेदार अशोक कुमार, तोता राम नंबरदार केमला, ग्यारसी लाल, मोती कुमार, राय सिंह, विजय कुमार, कश्मीरी लाल, मा. रमेश कुमार, सुरेंद्र दीक्षित, देशराज शर्मा, सुमेर सिंह ठेकेदार, विजय कुमार, सुभाष चंद, बलवंत शर्मा, अशोक कुमार, रोशन लाल सहित सैकड़ों की संख्या में ग्रामीणों पहुंचे। ग्रामीणों ने बताया कि इस मार्ग से गुढ़ा सहित रसूलपुर, चेलावास, मोहनपुर, नांगल, कोका, सुंदरह, बचीनी आदि गांवों के ग्रामीण आवागमन करते है। इस मार्ग पर अंडर पास बनने से लोगों को बड़ी परेशानी होगी।
उन्होंने बताया कि रेवाड़ी-बीकानेर लाईन पर सबसे पहले गुढा गांव में गेट संख्या 89 सी पर 2013 में अंडर पास का निर्माण किया गया था। जिसके निर्माण के कुछ समय बाद से ही ये मार्ग बंद है। यहां सारा साल पानी भरा रहता है। जिसको निकालने के लिए अधिकारियों को कई बार मांग की, फिर भी कोई समाधान नहीं हुआ।
90 सी का मार्ग पर अंडर पास बनने से दिक्कतें आएंगी। बरसात के दिनों में इसमें पानी भरने से गांवों का संपर्क कट जाएगा। ग्रामीणों ने डीआरएम बीकानेर, उपायुक्त, सांसद को ज्ञापन दिया था। मांग पर ध्यान नहीं दिया गया तो सोमवार से धरना आरंभ किया। सांसद चौधरी धर्मबीर सिंह ने दूरभाष पर ग्रामीणों की समस्या का एक सप्ताह में समाधान करवाने का आश्वासन दिया। जिस पर लोगों ने धरना समाप्त कर दिया। ग्रामीण हलका विधायक व डिप्टी स्पीकर संतोष यादव से भी मिले।