अमर उजाला ब्यूरो
महेंद्रगढ़। जिले को लावारिस गोवंश मुक्त करने के जिला प्रशासन के दावे फेल होते नजर आ रहे हैं। महेंद्रगढ़ एवं आसपास के गांवों में लावारिस गोवंश सड़कों, गली, मोहल्लों और बाजारों घूमते नजर आ रहे हैं। लावारिस गोवंश लोगों को पीछे से मारकर चोटिल कर रहे हैं। पिछले महीने महेंद्रगढ़ जिले में आए गोसेवा आयोग के चेयरमैन भानी सहाय मंगला ने दावा किया था कि 15 अगस्त तक प्रदेश के सभी लावारिस गोवंश गोशालाओं में मिलेंगे। उनकी घोषणा के बाद अभी तक एक भी लावारिस गोवंश को गोशाला में नहीं भेजा गया। पिछले वर्ष प्रशासन का दावा था कि जिले के लगभग 4300 लावारिस गोवंश है, जिनमें से लगभग चार हजार गोवंश को पकड़ा था। लेकिन फिलहाल सड़कों पर जो हालात हैं, उन्हें देखकर नहीं लगता कि जिला लावारिस गोवंश मुक्त हुआ था। सड़कों पर घूम रहे लावारिस गोवंश के कानों पर टैग लगे हुए हैं, जोकि नपा प्रशासन की टीम ने गोशालाओं में छोड़ते समय लगाए गए थे। जिन्हें गोशालाओं से कुछ ही समय बाद छोड़ दिया है।
प्रदेश की भाजपा सरकार का मुख्य उद्देश्य लावारिस गोवंश की सुरक्षा, उचित देखभाल करना और प्रदेश को लावारिस पशु मुक्त करना था। मुख्यमंत्री मनोहरलाल के आदेश पर जुलाई 2017 में महेंद्रगढ़ जिले में लावारिस गोंवश पकड़ने का अभियान चलाया था। उपायुक्त के आदेश पर नगर पालिका महेंद्रगढ़ ने लावारिस पशुओं को पकड़ने के लिए 450 रुपये प्रति गोवंश का ठेका छोड़ा था। इस दौरान महेंद्रगढ़ शहर से लगभग 350 लावारिस गोंवशों को पकड़कर गोशालाओं में भेजा गया था और उनको टैग भी लगाए थे। अब वापस वो लावारिस गोवंश महेंद्रगढ़ की सड़कों पर घूमते नजर आ रहे हैं।
सब्जी विक्रेता सबसे अधिक परेशान:
लावारिस गोवंशों को लेकर सबसे अधिक परेशान सब्जी मंडी के मासा खोर एवं रेहड़ी चालक है। गोवंश उनकी सब्जियों को बिखेरकर नुकसान पहुंचा देते हैं। सुनील, दिनेश, रामनिवास, राधेश्याम आदि ने बताया कि सब्जी मंडी में अभी बहुत से लावारिस गोवंश घूम रहे हैं, जिनसे वे बेहद परेशान हैं। उन्होंने बताया कि जैसे ही उनका ध्यान हटता है, इतनी देर में गोवंश सब्जी उठा ले जाते हैं। कई बार तो आपस में लड़कर गोवंश रेहड़ी ही गिरा देते हैं। इतना ही नहीं मंडी में आने वाले ग्राहकों को पीछे से टक्कर मारकर घायल भी कर देते हैं।
सीएम रैली से एक दिन पहले पटवारी हुआ था घायल
21 जुलाई को महेंद्रगढ़ की सब्जी मंडी में मुख्यमंत्री मनोहर लाल की धन्यवाद रैली थी। रैली से एक दिन पहले अधिकारी रैली स्थल का जायजा लेने के लिए पहुंचे थे। इस दौरान धर्मबीर पटवारी भी मौके पर थे। एक लावारिस गोवंश से पीछे से आकर पटवारी को उठाकर पटक दिया था। उस दौरान गनीमत रही थी कि पटवारी पास खड़ी गुप्तचर विभाग के डीआई की गाड़ी के बोनट पर गिर गए और अधिक चोट नहीं आई।
इन स्थानों पर घूम रहे हैं लावारिस गोवंश
शहर की सब्जी मंडी, मोदाश्रम मंदिर के पास, मोहल्ला कुम्हारान, मोहल्ला पड़ाव, सैनीपुरा, शिव कॉलोनी, शंकर कॉलोनी, छाजुपुरम कॉलोनी, आदर्श कॉलोनी सहित अनेकों स्थानों पर लावारिस पशु विचरण करते देखे जा सकते हैं।
वर्जन
मामले की जांच की जा रही है। प्रशासन को भी लावारिस पशु गोशालाओं में भेजने के आदेश दिए गए हैं। प्रशासन को लावारिस पशुओं को गोशाला भेजने के लिए 10 दिन का समय और दिया जाएगा।
- भानी सहाय मंगला, चेयरमैन गोसेवा आयोग।