अमर उजाला ब्यूरो
नारनौल। रोडवेज कर्मचारियों की पिछले सात दिनों से लगातार चल रही हड़ताल आठवें दिन भी जारी रही। मंगलवार को हड़ताल में शामिल 17 प्रोबेशन पर लगे चालक एडीसी के समझाने से काम पर लौट आए। जिससे विभागीय अधिकारियों ने राहत की सांस ली। वहीं मंगलवार को अन्य दिनों के मुकाबले नारनौल डिपो से 46 बसें चली। ये बसें लोकल रूटों के साथ गुरुग्राम व जयपुर लंबे रूट तक चलाई गई। इन रूटों पर बसों का संचालन होने से यात्रियों को भी राहत मिली, लेकिन 17 चालकों के अलावा नारनौल रोडवेज में कार्यरत अन्य कर्मचारी काम पर नहीं लौटे।
बता दे कि सरकार द्वारा 720 प्राइवेट बसों को परमिट जारी करने के विरोध में पिछले आठ दिनों से प्रदेश भर के रोडवेज कर्मचारी हड़ताल पर है। परंतु सरकार कर्मचारियों के आगे झुकने को तैयार नहीं है तो कर्मचारी भी हार मानने के लिए तैयार नहीं है। सरकार व कर्मचारियों की लड़ाई में आम जनता को बेवजह परेशानी हो रही है। रविवार को सरकार ने रोडवेज यूनियन प्रतिनिधियों को वार्ता के लिए आमंत्रित किया था। यूनियन नेताओं व सरकार प्रतिनिधियों के बीच लंबे दौर की बातचीत भी चली, लेकिन कोई हल नहीं निकल पाया। इससे रोषित कर्मचारियों ने हड़ताल को अनिश्चितकालीन हड़ताल में तब्दील कर दी। यहीं नहीं रोडवेज कर्मचारियों के समर्थन में बिजली, जनस्वास्थ्य व पीडब्ल्यूडी सहित अन्य विभागों के कर्मचारी भी शामिल हो गए है। पहले दिन सोमवार को हड़ताल मेें शामिल हुए बिजली कर्मचारियों ने जिले की बिजली आपूर्ति को बाधित कर दिया। जिससे सोमवार को जिले के कई क्षेत्रों में सुबह से शाम तक तक बिजली बाधित रही। परंतु विभाग ने स्थिति संभालते हुए बिजली आपूर्ति को देर सवेरे बहाल करवाया दिया। मंगलवार को कई क्षेत्रों की बिजली सप्लाई पूर्ण रूप से सुचारु रही।
एडीसी ने प्रोबेशन चालकों समझा-बुझाकर किया रवाना
अतिरिक्त उपायुक्त महावीर प्रसाद ने हड़ताल में शामिल प्रोबेशन पर चल रहे चालकों को मंगलवार समझा-बुझाकर बसों में बैठाकर रवाना किया। दोपहर तक सवारियों की जरूरत के अनुसार 35 बसों का संचालन विभिन्न रूटों पर हो चुका था। एडीसी ने चालकों को समझाते हुए कहा कि वे किसी के बहकावे में आकर अपना कैरियर खराब न करें। चार-चार टेस्ट पास करने के बाद यह नौकरी पाई है। इस पर चालकों ने कहा कि उन्हें रास्ते में कोई शरारती तत्व परेशान कर सकता है। इस पर एडीसी ने कहा कि सभी बसों में दो-दो पुलिस कर्मी तैनात रहेंगे। फिर भी कोई दिक्कत आती है तो वे सीधे उनसे संपर्क कर सकते हैं। इसके अलावा रोडवेज के महाप्रबंधक व पुलिस के संपर्क में रहे।
नारनौल डिपो से 46 बसों को हुआ संचालन
नारनौल डिपो से 46 बसों को संचालन किया गया। इसमें 17 बसों का प्रोबेशन पर चल रहे चालकों ने संचालन किया। वहीं 17 आरटीए विभाग के चालक व 6 पुलिस विभाग के चालकों ने रोडवेज बसों को विभिन्न रूटों पर दौड़ाया। इसके अलावा 6 प्राइवेट बसों को विभाग द्वारा हायर कर चलाया गया। इस प्रकार मंगलवार को सभी रूटों पर सामान्य दिनों की तरह रोडवेज की बसों का संचालन हुआ।
निगम सर्कल कार्यालय जारी रहा विभिन्न संगठनों का धरना
रोडवेज कर्मचारियों की हड़ताल के समर्थन में विभिन्न संगठनों के कर्मचारी दूसरे दिन मंगलवार को भी सिंघाणा रोड स्थित निगम के सर्कल कार्यालय में हड़ताल पर बैठे रहे। हालांकि मंगलवार को शहर में बिजली बाधित नहीं रही। जबकि सोमवार को शहर में 3 से 12 घंटे तक बिजली बाधित रही थी। जिसे देर रात तक सुचारु किया गया।
महेंद्रगढ़ से नारनौल और दादरी रूट पर रोडवेज की 27 बसें उतरी
महेंद्रगढ़ में रोडवेज की हड़ताल के कारण परेशान हो रहे यात्रियों को मंगलवार को थोड़ी राहत मिली। महेंद्रगढ़ से दादरी और महेंद्रगढ़ से नारनौल रूट पर बसों का संचालन हुआ। मंगलवार को रोडवेज की बसों की संख्या में विस्तार हुआ। पुलिस कर्मियों और कच्चे कर्मचारियों ने रोडवेज की कुल 16 बसों का संचालन करते हुए 32 फेरे लगाए। जिस कारण यात्रियों को कुछ हद तक राहत मिली। महेंद्रगढ़ से नारनौल तथा दादरी रूट पर रोडवेज बस के अलावा निजी आपरेटर्स की परमिट वाली 22 बसों का संचालन भी हुआ। महेंद्रगढ़ से सतनाली, महेंद्रगढ़ से रेवाड़ी सहित अन्य रूट पर मैक्सी कैब चलती दिखीं। राजस्थान की निजी ऑपरेटर की 5 बसें महेंद्रगढ़ पहुंची। इन बसों ने जयपुर से महेंद्रगढ़ के बीच सेवा दी। दूसरी ओर बिजली निगम, नगर पालिका, जनस्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों ने भी हड़ताल का समर्थन किया। मंगलवार को हड़ताल के कारण महेंद्रगढ़ में बिजली पानी आपूर्ति पर किसी तरह का असर नहीं दिखा।
चालक और परिचालक के लिए अब तक 2174 आवेदन आए
हड़ताली कर्मचारियों के काम पर नहीं लौटने पर नए चालक-परिचालकों को भर्ती करने के लिए सरकार ने नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। इस नोटिफिकेशन के अनुसार उक्त चालक-परिचालकों को तीन माह के लिए अनुबंध पर लगाया जा रहा है। जिला महेंद्रगढ़ में अभी तक 2174 के करीब आवेदन आ चुके है। इनमें 1019 चालक व 1155 परिचालक के लिए आवेदन आए है।
वर्जन
एडीसी महावीर प्रसाद के समझाने पर प्रोबेशन पर चल रहे 17 चालक कार्य पर लौट आए है। इसके अलावा 17 चालक आरटीए व 6 पुलिस विभाग के कर्मचारी बसों का संचालन किया। इस प्रकार मंगलवार को अन्य दिनों की भांति बसों का संचालन सामान्य रहा।
- राजीव नागपाल, जीएम रोडवेज नारनौल।