अमर उजाला ब्यूरो
नारनौल। हरियाणा व्यापारी कल्याण बोर्ड के चेयरमैन गोपाल शरण गर्ग की कथित वायरल अश्लील सीडी पर चेयरमैन द्वारा विरोधियों पर लगाए आरोपों को नगर परिषद नारनौल के पूर्व अध्यक्ष किशन चौधरी व उनके भाई सुरेंद्र उर्फ पम्मी चौधरी ने रविवार को आयोजित एक पत्रकार वार्ता में बेबुनियाद व निराधार बताया। पूर्व अध्यक्ष किशन चौधरी ने कहा कि गोपाल शरण गर्ग अपने आपको इस सीडी में नहीं होने का दावा कर रहा है तो वह स्वयं ही इसकी जांच करवाकर नारनौल की जनता को बताए।
किशन चौधरी ने कहा कि चेयरमैन गोपाल शरण गर्ग इस सीडी कांड में उसका व उसके भाई का हाथ बताकर नारनौल के लोगों का ध्यान भटकाना चाहता है। उन्होंने कहा कि यदि इस मामले में उसका व उसके परिवार का कोई भी वास्ता मिले तो वह शहर छोड़ देंगे। उन्होंने कहा कि गोपाल शरण गर्ग व इसके परिवार के सदस्यों ने लोगों की पुरानी संस्था आदर्श सनातन सभा व एएसडी एजुकेशन सोसायटी पर पिछले 25 सालों से अवैध कब्जा किया हुआ है, उसका हम विरोध कर रहे हैं। परंतु गोपाल शरण गर्ग की कथित सीडी वायरल हो गई है तो वे जनता का ध्यान भटकाने के लिए उन पर निराधार आरोप लगाकर झूठे केस दर्ज करवा रहे हैं।
किशन चौधरी ने कहा कि हैरानी की बात है कि सीडी वायरल होने के बाद मीडिया के माध्यम से ही पता चला कि गोपाल शरण गर्ग पिछले सप्ताह ही अपना इस्तीफा सरकार को सौंप चुुके हैं और उससे भी हैरानी की बात यह निकली कि सरकार ने चुपचाप गर्ग का इस्तीफा लेकर रख लिया, लेकिन बयान तक जारी नहीं किए गए। किशन चौधरी ने माना कि उनका छोटा भाई गर्ग के चचेरे भाई के घर गया लेकिन वो सनातन धर्म सभा के मंच पर रामलीला के सिलसिले में बातचीत करने गया था और हर साल इस मुद्दे पर डिस्कस करता रहा है। परंतु यह बात अलग है कि इनकी डिस्कस कई सालों से सिरे नहीं चढ़ रही है। रामलीला की बात के प्रमाण के तौर पर उन्होंने यूपी के एक रामलीला संचालक के नंबर भी पत्रकारों को दिए और सबके सामने उनसे बात भी की। उन्होंने कहा कि पुलिस प्रशासन उनके भाई के फोन की कॉल डिटेल निकलवाकर इसकी जांच कर सकता है। जबकि गोपाल शरण गर्ग उसी दिन उसके भाई के खिलाफ पुलिस में शिकायत करता कि सुरेंद्र चौधरी किसी अश्लील सीडी को दिखाकर उनको ब्लैकमेल करने की कोशिश कर रहा है। इस मौके पर अधिवक्ता केशव संघी, भाजपा नेता श्रीराम सराफ, नरसिंह दायमा, एडवोकेट पंकज किरोड़ीवाल आदि उपस्थित रहे।
जब तक सभा पर रिसीवर नहीं बैठेगा जारी रहेगा संघर्ष
किशन चौधरी ने कहा कि गोपाल शरण गर्ग पिछले 25 सालों से सनातन धर्म सभा की संस्थाओं के नाम चंदा लेकर लोगों को लूट रहा है और पिछले 15 सालों से एक फर्जी डेंटल कॉलेज के नाम पर सरकार व लोगों से चंदा उगाही कर रहा है जबकि नारनौल में डेंटल कालेज का नाम तक नहीं है। डेंटल कॉलेज का इनेलो सरकार में ओमप्रकाश चौटाला से और कांग्रेस सरकार में केंद्रीय गृहमंत्री श्रीप्रकाश जायसवाल से शिलान्यास करवाकर सरकारी ग्रांट हड़प कर चुका है। संस्थान की करीब 200 करोड़ की जमीन गलत तरीके से अपने भाई के नाम पर महज 100 रुपये सालाना लीज पर लिख चुका है। इसके कागजात भी सार्वजनिक हो चुके हैं। उन्होंने सरकार से मांग की है कि इसकी जांच होनी चाहिए और तुरंत प्रभाव से संस्था पर रिसीवर की नियुक्ति की जाए। चौधरी ने कहा कि जब तक संस्था पर रिसीवर नहीं बैठाया जाएगा, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा। साथ उन पर बनाया गया झूठा केस रद्द किया जाए अन्यथा शहर व जिला में धरना एवं प्रदर्शन भी किया जाएगा।
गोपाल शरण गर्ग कई पदों पर हैं आसीन
गोपाल शरण गर्ग वर्तमान में व्यापार कल्याण बोर्ड के चेयरमैन पद पर है। हालांकि सीडी प्रकरण के बाद चेयरमैन पद से इस्तीफा दे दिया है। इसके अलावा गर्ग अखिल भारतीय अग्रवाल सम्मेलन के राष्ट्रीय अध्यक्ष पद पर भी आसीन है। इनके अलावा गोपाल शरण गर्ग एसडी एजूकेशन बोर्ड के प्रधान पद को भी संभाल रहे हैं।