अमर उजाला ब्यूरो
कनीना। बीती बुधवार रात करीब एक बजे बदमाशों द्वारा प्रसिद्ध बाघेश्वर धाम बागोत में मंदिर के महंत रोशनपुरी से मारपीट करने और डकैती के मामले को लेकर सोमवार को मंदिर प्रांगण में महापंचायत हुई। जिसमें आसपास के 21 गांवों के सरपंचों एवं प्रतिनिधियों व समाज के प्रबुद्ध लोगों ने हिस्सा लिया। इस महापंचायत में बागोत के ग्रामीणों व विभिन्न गावों के सरपंचों ने मंदिर में तोड़फोड़ करने एवं महंत से मारपीट कर नकदी व सोने-चांदी के आभूषण लूटने वाले अपराधियों को 24 घंटे में पकड़ने का अल्टीमेटम दिया, नहीं पकड़े जाने पर आंदोलन का रास्ता अपनाने की चेतावनी दी। मौके पर पहुंचे एसडीएम संदीप सिंह को मुख्यमंत्री के नाम का ज्ञापन सौंपा। जिसमें उपरोक्त सभी बातें दर्शाई गई थी। एसडीएम संदीप सिंह ने कहा कि पुलिस की 4 टीमें अपराधियों की तलाश में छापामारी कर रही हैं। उनके ज्ञापन को सरकार तक भेज दिया जाएगा। सोमवार सुबह 11 बजे से साढे 12 बजे तक चली महापंचायत में बागोत के सरपंच विनोद कुमार, गजेंद्र नोताना, रामनिवास तलवाना, महावीर सिंह उच्चत, सरिता देवी नया गांव, कश्मीर देवी बहाला, ललिता पाोता, अजीत खेड़ा, कृष्ण स्याणा, भगवत दयशल झाड़ली, अजय सिंह बहु झोलरी, विजय सेहलंग, रतिपाल पोता, जयपाल यादव, रविंद्र गागड़वास, यशवंती छितरोली, राजु अगिहार, जीते चिडिय़ा, दयाराम गोमला, धर्मपाल गुढा सहित कैलाश चंद, जिले सिंह, मंदिर कमेटी के प्रधान व्रिकम सिंह, रामकिशन, बनवारी लाल, बमलहरी, रतन सिंह, राजेश प्रधान नया गांव, यशवंत शर्मा, महिपाल बागोत, साधुराम, राजू सिंह, एवं ग्रामीण उपस्थित थे।
उत्तरप्रदेश के सीएम आदित्यनाथ भी पंहुच सकते हैं बागोत
पीड़ित महंत रोशनपुरी ने कहा कि इस बारे में जानकारी मिलने पर उनके गुरू शंकरपुरी भी बागोत पंहुच चुके हैं। जिन्होंने पहले ग्रामीणों द्वारा कार्रवाई करने तथा अपराधियों को नहीं पकड़े जाने पर स्वयं साधु-संत समाज द्वारा आगामी कार्रवाई करने का आश्वासन दिया गया। इस बारे मेें उन्होंने बताया कि उत्तरप्रदेश के मुख्यमंत्री महंत आदित्यनाथ से भी उनके गुरू का संपर्क हुआ है जिन्होंने डकैती की घटना की जानकारी उन्हें दी है। उन्होंने बताया कि पुलिस प्रशासन अपराधियों को पकड़ने मेें नाकाम रहता है तो मुख्यमंत्री द्वारा जल्द ही बागोत का दौरा किया जाएगा। 24 घंटे का समय पूरा होने पर महापंचायत में शामिल लोग एवं साधु समाज के लोग मिलकर आंदोलन की राह अपनाएंगे।
10 जनवरी की रात को हुई थी वारदात
मंदिर में 10 जनवरी की रात के समय करीब दर्जनभर से अधिक हथियारबंद लोगों ने मंदिर में प्रवेश किया और वहां लगे सीसीटीवी कैमरे तोड़ते हुए मंदिर के समीप बने महंत रोशनपुरी के कमरे का दरवाजा तोड़ अंदर प्रवेश कर गए। उनसे मारपीट करते हुए हाथ-पांव बांध दिए थे। दूसरी ओर बरामदे में सो रहे दो अन्य संतों विजयगिरी व भजनदास के हाथ-पांव बांधकर डाल दिया था और लूटपाट की वारदात को अंजाम दिया गया। अपराधियों ने अलमारी व तिजोरी खोलकर उसमें रखे कीमती सामान सहित करीब 50-60 हजार रुपये नकद, चांदी के 4 छत्र, चांदी की कटोरी, आरती व पूजा का सामान तथा शिव भगवान के सोने के नाग को साथ ले उड़े। साथ लगते खाटू श्याम मंदिर सहित शिव मंदिर में रखे करीब छह दानपात्रों को तोड़कर उनमें रखी नकदी भी ले गए।
इन्होंने ये कहा
छह दिन बाद भी पुलिस ने आरोपियों को काबू नहीं किया है, जिससे पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर सवालिया निशान खड़े हो रहे हैं। बागोत का शिवधाम धार्मिक आस्था से परिपूर्ण है। यहां पर ऐसी हरकतें होना प्रशासन की ढिलाई को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि 24 घंटे में आरोपी नहीं पकड़े गए तो आंदोलन का रास्ता अपनाया जाएगा।
- रविंद्र गागड़वास, अध्यक्ष, सरपंच एसोसिएशन कनीना
प्रशासन को महापंचायत ने निर्णय लेकर 24 घंटे में आरोपियों को पकड़ने का समय दिया। यदि आरोपी नही पकड़े जाते है। महापंचायत आंदोलन करने को मजबूर होगी।
- बाघोत गांव के सरपंच विनोद कुमार
घटना के छह दिन बाद भी पुलिस के हाथ खाली है। उन्होंने साधु-संत समाज को अवगत करवा दिया। जिन्होंने अपराधियों को नहीं पकड़े जाने पर स्वयं साधु-संत समाज द्वारा आगामी कार्रवाई करने का आश्वासन दिया गया।
- महंत रोशनपुरी, पीड़ित।
बाघेश्वर धाम बागोत में वर्ष में दो बार मेला लगता है। इस धार्मिक स्थान को लेकर श्रद्धालुओं की गहरी आस्था है। धाम में घटित घटना को लेकर शिवभक्तों में आक्रोश बढ़ रहा है। पुलिस कुछ नहीं कर रही।
बम लहरी, निवासी बागोत
पुलिस मामले की जांच कर रही है। हमारा प्रयास है कि जल्द से जल्द बदमाशों को काबू कर लिया जाए। विशेष टीम की इसमें जिम्मेवारी लगाई गई है। जल्द ही मामला ट्रेस कर लिया जाएगा।
- कमलदीप गोयल, एसपी