महेंद्रगढ़। सिगड़ा गांव में शुक्रवार को आयोजित शिविर में 108 ग्रामीणों की टीबी जांच की गई। खांसी, बुखार, वजन कम होने जैसे लक्षण वाले 20 संदिग्ध मरीजों के बलगम के नमूने लेकर जांच के लिए भेजे गए। उन्होंने बताया कि टीबी अब लाइलाज नहीं है। 6 महीने नियमित दवा खाने से पूरी तरह ठीक हो जाती है। सरकार इलाज व निक्षय पोषण योजना के तहत 1000 रुपये प्रतिमाह भी देती है। स्वास्थ्य कार्यकर्ता ऋषिराज आर्य ने मलेरिया की रोकथाम के लिए घर-घर जाकर बुखार पीड़ितों की स्लाइड बनाई व सोर्स रिडक्शन अभियान चलाया। संवाद