अमर उजाला ब्यूरो
नारनौल। राजकीय पीजी कॉलेज की चहारदीवारी टूटने से कैंपस का मनमानी तरीके से इस्तेमाल हो रहा है। कॉलेज की खाली पड़ी जमीन में करीब छह महीने पहले पब्लिक हेल्थ विभाग ने सीवर लाइन डालने का कार्य किया था। उसके लिए पब्लिक हेल्थ ने कॉलेज की दीवार तोड़कर सीवर लाइन डाली दी। इसके लिए हेल्थ विभाग ने कॉलेज प्रशासन से अनुरोध किया था कि जो दीवार तोड़ी जाएगी, उसकी मरम्मत भी करवाई जाएगी। हेल्थ विभाग ने दीवार तोड़कर सीवर लाइन तो डाल दी लेकिन दीवार का मरम्मत करवाना ही भूल गया। इसके लिए कॉलेज प्रशासन कई बार हेल्थ विभाग को मौखिक और लिखित रूप से अवगत भी करवाया। हेल्थ विभाग आजकल का बहाना बनाकर कॉलेज प्रशासन को टालता रहा। दीवार टूटी होने से लोगों ने आम रास्ता बना लिया।
शरारती तत्व भी कॉलेज विद्यार्थियों को करते परेशान
कॉलेज प्रशासन ने बताया कि दीवार टूटी होने से शरारती तत्व भी कैंपस में विद्यार्थियों को परेशान करते है। शरारती तत्व बाइक लेकर कॉलेज परिसर में घूमते रहते है। विरोध किया जाता तो शरारती तत्व पीछे के रास्ते फरार हो जाते है। वहीं लावारिस पशु कॉलेज परिसर में घुस जाते है और पौधों को नुकसान पहुंचाते है।
शराबियों का ठिकाना
कॉलेज परिसर का यह हिस्सा सूना होने से शाम ढलते ही शराबियों का ठिकाना बन जात है। यहां किसी तरह की रोकटोक नहीं है। एक बार तो दिन के समय एक युवक शराब पीकर हुड़दंगबाजी कर रहा था। जिससे पर कालेज प्रशासन ने उसे धमकाकर कॉलेज परिसर से निकाला गया।
करीब छह महीने पहले पब्लिक हेल्थ विभाग ने कॉलेज परिसर में खाली पड़ी जमीन के अंदर से सीवरेज लाइन डालने का कार्य किया था। इसके लिए विभाग कालेज की चहारदीवारी तोड़ दी थी। विभाग ने आज तक विभाग ने इस चहारदीवारी की मरम्मत नहीं करवाया। कॉलेज की दीवार के मरम्मत और निर्माण के लिए एक बार स्थानीय विधायक ओमप्रकाश यादव को अवगत करवाया। जिसे पर विधायक ने पब्लिक हेल्थ के विभाग के अधिकारियों दीवार मरम्मत और निर्माण करवाने की बात कही, लेकिन पब्लिक हेल्थ विभाग अभी तक कार्य पूरा नहीं किया।
- एनएन यादव, कार्यवाहक प्राचार्य, पीजी कॉलेज।
वर्जन
कॉलेज एरिया का अभी कार्यभार संभाला है। मामला मेरे संज्ञान में नहीं है। इस बारे में अभी पता चला है। विभाग द्वारा जल्द ही चहारदीवारी की मरम्मत करवा दी जाएगी।
- गोपाल सिंह, एसडीओ जनस्वास्थ्य विभाग।