महेंद्रगढ़। नगर पालिका ने सोमवार से शहर में बंदरों को पकड़ने के लिए अभियान शुरू कर दिया है। पहले दिन 10 बंदरों को पकड़ा गया है। बंदरों को पकड़ने के लिए नपा के अधिकारियों की ओर से जनवरी में वर्क ऑर्डर जारी किया गया था। छह लाख रुपये खर्च कर अब शहर से 350 बंदराें को पकड़ा जाएगी।
टेंडर में बंदर पकड़ने की समय सीमा तीन माह रखी गई है। इसके लिए नपा की ओर से एजेंसी को 1800 रुपये प्रति बंदर की राशि दी जाएगी। बता दें कि शहर वासियों की लंबे समय से बंदरों के आतंक का सामना करना पड़ रहा था।
आए दिन बंदरों के झुंड रिहायशी इलाकों में घुसकर लोगों को परेशान कर रहे थे जिससे बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं में डर का माहौल बना हुआ था। बाजार क्षेत्रों में भी बंदरों के कारण दुकानदारों को नुकसान उठाना पड़ रहा था।
शहर के अधिकांश मोहल्लों में तो इनके आतंक के कारण महिलाओं ने छतों पर ही जाना छोड़ दिया है। इनके हमले से प्रतिदिन औसतन पांच लोग घायल होकर नागरिक अस्पताल में उपचार के लिए पहुंच रहे हैं। इसी समस्या को देखते हुए नगर पालिका के अधिकारियाें ने अब ठोस कदम उठाते हुए बंदरों को पकड़ने के लिए विशेष अभियान शुरू कर दिया है।
इन जगहों पर बंदरों का जमावड़ा उत्पात ज्यादा
शहर के मोहल्ला नीमड़ी नीचे, मोहल्ला जवाहरनगर, नागरिक अस्पताल, शॉपिंग कॉम्प्लैक्स, आईटीआई, नगरपालिका कार्यालय, करेलिया बाजार, सब्जी मंडी, अनाज मंडी, मोहल्ला तिवाड़ियान, मोहल्ला महायचान, मोहल्ला खटीकान, मोहल्ला शेरागुवाड़ी, शनि मंदिर, मसानी चौक, गोशाला रोड सहित शहर में अन्य स्थानों पर बंदरों का जमावड़ा रहता है।
- वर्जन:
शहरवासियों को बंदरों के उत्पात से निजात दिलाने के लिए छह लाख रुपये की लागत से बंदरों को पकड़ने का कार्य शुरू कर दिया है। शहर से बंदरों को पकड़ने के लिए तीन माह की समय सीमा रखी गई है। शहर वासियों को जल्द ही बंदरों से निजात दिलाई जाएगी।-राजेश कौशिक, एमई नगर पालिका महेंद्रगढ़
फोटो संख्या:61 शहर जवाहर नगर में बंदर को पिंजरे पकड़ने की कोशिश करता कर्मी। संवाद