कुरुक्षेत्र। दीक्षा दुबे सहित चार छात्रों के आत्महत्या मामलों में शनिवार शाम यूथ कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कैंडल मार्च निकाला। किरमिच रोड पर इकट्ठा हुए कार्यकर्ताओं ने कैंडल जलाकर रोष मार्च शुरू किया और एनआईटी के मेन गेट तक पहुंचकर प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। इसी दौरान पुलिस ने कार्यकर्ताओं को रोक लिया।
उन्होंने पीड़ित परिवारों को न्याय दिलाने और छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की। मार्च के दौरान जिला प्रधान कुलदीप ढिल्लो हथीरा ने कहा कि मात्र दो महीने में एनआईटी कुरुक्षेत्र में चार छात्रों ने आत्महत्या कर ली। यहां पढ़ने आने वाले हजारों छात्र माता-पिता के सपनों को साकार करने आते हैं, लेकिन प्रशासन की तरफ से कथित हरासमेंट और मानसिक प्रातड़ना की शिकायतें लगातार आ रही हैं। ढिल्लो ने आरोप लगाया कि कई घटनाओं के बावजूद प्रशासन परिवारों से मिलने को तैयार नहीं होता, गेट बंद रखा जाता है और माता-पिता को दबाया जाता है।
उन्होंने कहा कि माता-पापा बच्चों को डिग्री दिलाने भेजते हैं लेकिन बाद में शव वापस लेकर जाते हैं। अगर पीड़ित परिवारों को जल्द न्याय नहीं मिला तो यूथ कांग्रेस एनआईटी पर परमानेंट धरना देगी।
भारी पुलिस बल रहा तैनात
कैंडल मार्च को देखते हुए पुलिस ने सख्ती बरती। गेट के बाहर महिला-पुरुष पुलिसकर्मियों की भारी तैनाती की गई और मार्च को गेट के अंदर नहीं जाने दिया। पूरा एनआईटी प्रशासन भी गेट पर मौजूद रहा। स्थिति को नियंत्रित रखने के लिए सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रही। इस दौरान जिला मुख्यालय डीएसपी सुनील कुमार, थाना केयूके प्रभारी विशाल, कृष्णा गेट थाना प्रभारी बलजीत व यातायात थाना प्रभारी रामकरण मौके पर अपनी टीम के साथ मौजूद रहे।
छात्रों को बसों में भेजा
एनआईटी प्रशासन के 19 अप्रैल तक हॉस्टल खाली करने के आदेश के बाद देर शाम सैकड़ों छात्र घर जाने के लिए मुख्य गेट पर इकट्ठा हो गए। छात्रों ने बताया कि उनकी ट्रेनें निकल रही हैं लेकिन करीब एक घंटे तक उन्हें गेट के भीतर रोके रखा गया। कई छात्रों की ट्रेन छूट गई, अब उन्हें दिल्ली तक बस से जाना पड़ेगा। एनआईटी प्रशासन ने छात्रों की सुविधा के लिए बसों का इंतजाम किया। बसों से छात्रों को रेलवे स्टेशन और बस स्टैंड तक पहुंचाया जा रहा है।
कुरुक्षेत्र। देर शाम एनआईटी के बार तैनात भारी पुलिस बल। संवाद
कुरुक्षेत्र। देर शाम एनआईटी के बार तैनात भारी पुलिस बल। संवाद