अब सुबह से शाम तक बारिश का इंतजार किया जा रहा है। किसानों को उम्मीद थी कि शुक्रवार से एक बार फिर मानसून लौट आएगा और फसलें सूखने से बच जाएंगी, लेकिन सोमवार तक भी बारिश नहीं हुई। हालांकि शाम सात बजे के बाद ठंडी हवाएं चल पड़ी और आसमान में काले बादल घिर आए और बरसात शुरू हुई। पिहोवा में करीब शाम 7 बजे हल्दी बूंदाबांदी हुई, जिससे मौसम में खुशनुमा हो गया। मौसम विभाग का अनुमान था कि 9 जुलाई से बारिश तेज होने की संभावना थी। किसानों का कहना है कि धान की रोपाई का कार्य चल रहा है इसके लिए बारिश बहुत जरूरी है। धान के खेत में ट्यूबवेल से पानी देना पड़ रहा है। मौसम विभाग अभी भी बारिश होने की संभावना बता रहा है। अच्छी बारिश होने से फायदा होगा। 23 जुलाई तक लगातार बारिश होने की संभावना जताई जा रही है।