कुरुक्षेत्र। अंतरराष्ट्रीय गीता महोत्सव में मुख्यमंत्री नायब सैनी को मिले उपहारों को खरीदने के लिए पर्यटकों में जबरदस्त क्रेज देखने को मिल रहा है। स्टॉल पर कुल 152 उपहार लगाए गए थे जिनमें से अभी तक 106 उपहारों की बिक्री हो चुकी है। दो लाख 83 हजार 700 रुपये की बिक्री दर्ज की गई है, जो पिछले वर्षों की तुलना में काफी ज्यादा है। इसमें पानीपत के नीरज ने सबसे महंगा 16 हजार रुपये का राम दरबार उपहार खरीदा है।
कला, संस्कृति और शिल्प का समन्वय लिए यह स्टॉल न सिर्फ देखने वालों को रुकने पर मजबूर कर रहा है बल्कि उपहारों की खरीदारी में भी रिकॉर्ड बना रहा है। लोगों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए यह स्टॉल निर्धारित समय 1 दिसंबर से बढ़ाकर 5 दिसंबर तक रहेगी। कीमतें जायज होने पर लोगों ने खुले दिल से मनपसंद उपहार खरीदे।
स्टॉल पर उपहारों की कीमत 500 से 16,000 रुपये तक तय थी। 2023 में पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल के उपहार स्टॉल पर कीमतें अधिक होने के कारण बिक्री कम रही थी। इस बार मुख्यमंत्री उपहार स्टॉल पर उपहारों की विविधता और किफायती दरों ने पर्यटकों को खूब आकर्षित किया। बिक्री और भीड़ दोनों ने नया रिकॉर्ड बनाया।
मुख्यमंत्री नायब सैनी उपहार स्टॉल इस वर्ष गीता महोत्सव का हॉट स्पॉट बनकर उभरा, जहां कला, आस्था और कारोबार तीनों का संगम देखने को मिला। स्टॉल का संचालन कर रहे हरियाणा कला परिषद (हिसार मंडल) के लेखा सहायक रविंद्र कुमार ने बताया कि 27 दिसंबर से उपहारों की बिक्री शुरू हुई थी जिसमें बुधवार तक 2 लाख 83 हजार 700 रुपये की बिक्री दर्ज की गई है।
पानीपत के नीरज ने खरीदा सबसे महंगा 16,000 का राम दरबार
पानीपत के नंगला पार गांव के नीरज की ओर से खरीदा गया 16,000 रुपये का राम दरबार सबसे ज्यादा चर्चा में रहा। यह हाथ से बनी राम दरबार की सुंदर प्रतिमा थी। नीरज ने अपनी पत्नी परवीन कुमारी के नाम से यह उपहार लिया और साथ ही गणेश प्रतिमा और श्रीकृष्ण प्रतिमा भी खरीदी। नीरज ने स्टॉल पर कुल 36,000 रुपये के उपहारों की खरीद की।
500 रुपये की थी मां सरस्वती प्रतिमा
किफायती उपहारों में सबसे कम मूल्य वाली 500 रुपये की मां सरस्वती प्रतिमा रही जिसे करनाल निवासी अजय आर्य ने खरीदा। साथ ही उन्होंने 650 रुपये की गो माता और 1200 रुपये का राम परिवार उपहार भी खरीदा। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री के उपहार को खरीद पाना अपने आप में ही सौभाग्य की बात है।