कुरुक्षेत्र। दो साल पहले बिजली निगम के एसडीओ को रिश्वत देने का प्रयास करने मामले में अदालत ने दो लोगों को दोषी करार दिया। अदालत ने दोनों को तीन-तीन साल कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने हीरालाल हाल निवासी अटारी कॉलोनी व इंद्र अरोड़ा उर्फ इंद्रजीत निवासी माजरी मोहल्ला शाहाबाद पर पांच-पांच हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
थाना शाहाबाद में 11 अगस्त 2021 को दर्ज शिकायत में शाहाबाद सब डिवीजन के एसडीओ दलबीर सिंह ने बताया था कि 11 अगस्त को हीरा लाल और इंद्र अरोड़ा उनके कार्यालय में आए थे। दोनों ने अवैध रूप से एक ट्यूबवेल के ट्रांसफार्मर व 11 केवी लाइन शिफ्ट करने के मामले को रफा-दफा करने के लिए उसको रिश्वत देने का प्रयास किया था। शिकायत पर मामला दर्ज कर 23 अगस्त 2021 को पुलिस ने आरोपी हीरालाल और इंद्र को गिरफ्तार करके कारागार भेज दिया था।
जिला उप-न्यायवादी राजकुमार ने बताया कि मामले की नियमित सुनवाई अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश आशु कुमार जैन की अदालत ने करते हुए गवाहों व सबूतों के आधार पर हीरालाल और इंद्र को धारा 8/12 भ्रष्टाचार अधिनियम के तहत तीन-तीन साल कारावास व पांच-पांच हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है। हालांकि अदालत ने जुर्माना अदा करने पर उनकी जमानत मंजूर कर दी।