कुरुक्षेत्र।...साहब, आठ माह पहले हमला किया गया था, जिसको लेकर दर्ज मामले में आरोपियों की आज तक गिरफ्तारी नहीं हो पाई है। बेहद मुश्किल से छह माह बाद पुलिस ने आरोपियों पर दर्ज मामले में एससी-एसटी एक्ट के तहत भी कार्रवाई की थी, लेकिन पुलिस उन्हें गिरफ्तार करना तो दूर उनके साथ मिलीभगत कर चुकी है। यहां तक कि उनके साथ ही बैठकर जांच व कार्रवाई करने वाले पुलिस अधिकारी चाय-समोसे खाते हैं। आरोपी उन्हें कभी रास्ते में रोककर तो कभी मोबाइल से मामला वापस लेने को लेकर धमकी दे रहे हैं। पूरा परिवार भय के साये में है।
मिर्जापुर कॉलोनी के उमेश व उसके भाई अनिल ने बिलख-बिलख कर यह व्यथा सुनाई तो हर कोई सन्न रह गया। मौका था जिला लोकसंपर्क एवं कष्ट निवारण समिति का, जिसकी अध्यक्षता राज्यमंत्री सुभाष सुधा कर रहे थे। समिति के चेयरमैन एवं परिवहन मंत्री असीम गोयल किन्हीं कारणों से नहीं पहुंच पाए, जिसके चलते बैठक की अध्यक्षता राज्यमंत्री सुभाष सुधा ने की और 13 शिकायतों का निवारण किया। पीड़ित ने कहा कि वह एनआईटी में नौकरी कर रहा था और उसी दौरान उस पर भारत, दीपक व विकास ने जानलेवा हमला किया गया था। उन पर लगातार मामला वापस लिए जाने का दबाव बनाया जा रहा है तो पुलिस भी उनके साथ मिलीभगत कर चुकी है। बार-बार गुहार लगाने के बावजूद पुलिस आज तक आरोपियों को गिरफ्तार नहीं कर पाई है। यहां तक उन्हें ही परेशान किया जा रहा है। राज्यमंत्री ने एसपी जश्नदीप सिंह रंधावा को अगले दो दिन में आरोपियों पर कार्रवाई के आदेश दिए तो एसपी ने भरोसा दिया कि इस दौरान आरोपी गिरफ्तार कर लिए जाएंगे।
शुगर मिल से जुड़े मामले की जांच स्टेट विजिलेंस करेगी
शाहबाद शुगर मिल में एक इंजीनियर से जुड़े मामले की जांच अब स्टेट विजिलेंस करेगी। शुगर मिल कर्मचारी यूनियन के महासचिव रामकुमार ने बैठक में राज्यमंत्री के समक्ष इस मामले को उठाया। हालांकि दो एमडी की जांच रिपोर्ट में क्लीन चिट भी दी जा चुकी है तो वहीं एडीसी ने भी मौके पर बताया कि जांच में कुछ भी सामने नहीं आया है। इस पर शिकायतकर्ता ने कड़ी आपत्ति जताई तो उनके समर्थन में कष्ट निवारण समिति के सदस्य भी उतर गए, जिसके बाद राज्यमंत्री ने मामले की जांच स्टेट विजिलेंस से कराए जाने के आदेश दिए।
डेरों में 16 घंटे लाइट के मामले में लापरवाही मिली तो होगी कार्रवाई
राज्यमंत्री सुभाष सुधा ने गांव पाडलू में 25 डेरों के नागरिकों ने पैट से 16 घंटे बिजली की सप्लाई में लापरवाही बरतने के मामले में कड़ा संझान लेते हुए कहा कि उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम के अधीक्षण अभियंता 16 घंटे बिजली न मिलने के मामले की जांच करेंगे। लापरवाही मिली तो नियमानुसार कार्रवाई की जाए। इसके साथ ही डेरा वासियों को 16 घंटे बिजली नियमित मिलनी चाहिए।
ट्रांसफार्मर से संबंधित मामले में एसडीएम को सौंपी जांच
झिंवरहेड़ी गांव निवासी मंगत राम ने खेतों में बिजली ट्रांसफार्मर को लेकर अपनी शिकायत रखी कि लगभग डेढ़ माह टयूबवेल के जंफर तोड़कर बिजली सप्लाई बंद कर दी, जिससे आलू की फसल सूख गई। इस मामले पर राज्यमंत्री ने आदेश दिए कि यह मामला हाई कोर्ट में विचाराधीन है। इस मामले की जांच के लिए एसडीएम को नोडल अधिकारी बनाया गया तो समिति के दो सदस्य भी साथ रहेंगे।
जमीन के गिरदावरी मामले में एफआईआर दर्ज करेगी पुलिस
उझाना गांव निवासी महंत योगी पीर राजनाथ ने महंत योगी शामनाथ की वर्ष 2009 में मृत्यु के बाद डेरे की चल-अचल संपत्ति के मामले में पूजा-पाठ करने वाले व्यक्ति ने फर्जी कागजात बनाकर जमीन की लगभग 40 वर्ष पुरानी गिरदावरी 12 फरवरी 2024 को अपने नाम करवा ली और रोजनामचे में ग्रामीणों के झूठ बोलकर फर्जी हस्ताक्षर करवा लिए। राज्यमंत्री ने निष्पक्ष कार्रवाई कर एफआईआर दर्ज करने के आदेश दिए।
पुलिस की निगरानी में दुकान का निर्माण
चक्रवर्ती मोहल्ला निवासी सुनीता रानी ने हाउस के समक्ष शिकायत रखी कि कुबेर कॉलोनी में दुकान के लिए उनका एक प्लाट है। दस्तावेज उनके नाम है लेकिन एक महिला ने इस प्लाट पर अपना दावा किया है और उन्हें दुकान का निर्माण करने से रोक रही है। राज्यमंत्री ने कहा कि मामले में दोषी पाए जाने पर एफआईआर दर्ज की जाए तथा पुलिस की निगरानी और डयूटी मैजिस्ट्रेट के नेतृत्व में दुकान का निर्माण कार्य शुरू करवाया जाए।