संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। समस्त सरवारा परिवार की ओर से पवित्र ब्रह्मसरोवर से सोमवार को भव्य कलश यात्रा के साथ श्रीमद्भागवत कथा महोत्सव का शुभारंभ हुआ। कलश यात्रा में सैकड़ों महिला-पुरुष श्रद्धालु शामिल हुए और पूरे मार्ग में भक्ति गीतों व जयकारों से माहौल भक्तिमय बना रहा। कलश यात्रा के बाद कथा स्थल (मेडिटेशन हॉल, ब्रह्म सरोवर उतरी गेट, नजदीक दक्षिण मुखी हनुमान मंदिर) पर संत महात्माओं ने मंगलाचरण किया और कथा व्यास युद्धकुल आचार्य पंडित राम अवतार शुक्ला (राज गुरु वृंदावन वाले) ने कथा का प्रथम दिवस आरंभ कराया।
आयोजन समिति के पदाधिकारियों ने बताया कि आगामी सात दिनों तक कथा का आयोजन होगा जिसमें विभिन्न धार्मिक व सांस्कृतिक कार्यक्रम भी होंगे। कार्यक्रम में गांव किठाना, जड़ौली, पबनावा, निगधू, गुमथला गढ़ू, दिल्ली, बहु अकबरपुर, कठवाड़, डाचर, राजौंद, किरमिच, अमीन, बडालवा, लाडवा सहित कई गांवों के लोग उपस्थित रहे। इस मौके पर शिवलाल सरवारा, महेन्द्र सिंह सरवारा, धन सिंह सरवारा, मामचंद सरवारा, राम अवतार सरवारा, भीम सिंह सरवारा, गुरदयाल सरवारा सहित प्रजापति धर्मशाला सभा कुरुक्षेत्र के प्रधान पवन कुमार कानूनगो, पूर्व प्रधान दर्शन लाडवा, कोषाध्यक्ष मास्टर हरिओम शोकल, पूर्व महासचिव रामचरण किरमिच, पूर्व कैशियर दर्शन कैथल, काला प्रजापति ढाबा वाला आदि गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
ब्रह्मसरोवर से निकली भव्य कलश यात्रा
ब्रह्मसरोवर से रविवार को निकली कलश यात्रा ने पूरे क्षेत्र को भक्ति-रस में सराबोर कर दिया। सिर पर कलश लिए महिलाओं ने जयकारों के साथ शोभायात्रा में भाग लिया। कलश यात्रा कथा स्थल पहुंचने के बाद भजन-कीर्तन और धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन किया गया। कथा व्यास युद्धकुल आचार्य पंडित राम अवतार शुक्ला ने कहा कि श्रीमद्भागवत कथा जीवन में भक्ति, सदाचार और सेवा का संदेश देती है। इस मौके पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे और कथा श्रवण कर आशीर्वाद लिया।
कुरुक्षेत्र। कलश यात्रा में शामिल श्रद्वालु। संवाद