कुरुक्षेत्र। मुख्यमंत्री विवाह शगुन योजना प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी योजना है। अब लाभार्थियों को विवाह के ऑनलाइन पंजीकरण करवाने के उपरांत ही योजना का लाभ दिया जाएगा। इसके लिए लाभपात्र विवाहिता की शादी का ई-दिशा पोर्टल पर पंजीकरण होना अत्यंत आवश्यक है। उक्त जानकारी उपायुक्त नेहा सिंह ने दी।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विवाह शगुन योजना का लाभ लेने वाले परिवार को अपनी बेटी की शादी के छह महीने पूरे होने से पहले ऑनलाइन पंजीकरण करवाना होगा। पंजीकरण करने बाद ही विवाहित कन्या के माता-पिता को उक्त योजना का अनुदान दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि अनुसूचित एवं विमुक्त जाति के परिवार का नाम बीपीएल सूची में है तो उसको कन्या विवाह शगुन योजना के अंतर्गत 71 हजार रुपए का लाभ दिया जाएगा। सभी वर्गों की विधवाओं, बेसहारा महिला, अनाथ बच्चे, बीपीएल सूची में है या उनकी आय एक लाख 80 हजार रुपए से कम है तो उनको इस योजना में 51 हजार रुपए का अनुदान दिया जाएगा।
पिछड़े वर्ग के परिवार को 31 हजार रुपए का लाभ
उपायुक्त नेहा सिंह ने कहा कि बीपीएल सूची में सामान्य या पिछड़े वर्ग के परिवार को 31 हजार रुपए का अनुदान मिलेगा। इसी तरह अनुसूचित वर्ग या विमुक्त जाति का परिवार बीपीएल सूची में नहीं है और जिनकी वार्षिक आय एक लाख 80 हजार रुपए से कम है, उनको 31 हजार रुपए का अनुदान दिया जाएगा। विवाहित युगल 40 प्रतिशत या इससे ज्यादा दिव्यांग है तो उन्हें 51 हजार रुपए और पति-पत्नी में से एक जन 40 प्रतिशत या इससे अधिक दिव्यांग है तो उसको 31 हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।