संवाद न्यूज एजेंसी
कुरुक्षेत्र। श्रीमद्भगवद्गीता वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय कुरुक्षेत्र में विद्या भारती अखिल भारतीय शिक्षा संस्थान की ओर से आयोजित पांच दिवसीय 36वीं राष्ट्रीय खेलकूद प्रतियोगिता का शनिवार को समापन हो गया । फुटबॉल प्रतियोगिता में अंडर-14, अंडर-17 और अंडर-19 आयु वर्ग में 605 खिलाड़ियों ने अपनी प्रतिभा दिखाई। अंडर-19 (लड़के) के वर्ग में राजस्थान क्षेत्र की टीम ने प्रथम, उत्तर क्षेत्र द्वितीय और मध्य क्षेत्र की टीम ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। अंडर-17 के मुकाबले में भी राजस्थान क्षेत्र की टीम ने पहला, दक्षिण क्षेत्र की टीम ने द्वितीय, उत्तरक्षेत्र की टीम ने तृतीय स्थान हासिल किया।
अंडर-14 के मुकाबले में पश्चिम क्षेत्र में पहला,उत्तर पूर्व क्षेत्र की टीम ने दूसरा और उत्तरक्षेत्र की टीम ने तीसरा स्थान प्राप्त किया। अंडर-19 (लड़कियों) के मुकाबले में पश्चिम उत्तर प्रदेश क्षेत्र की टीम ने पहला स्थान प्राप्त किया और पूर्वी उत्तर प्रदेश क्षेत्र की टीम ने दूसरा स्थान हासिल किया। अंडर-17 के मुकाबले में दक्षिण मध्य क्षेत्र की टीम ने पहला, पश्चिम उत्तर प्रदेश क्षेत्र की टीम ने दूसरा और उत्तर पूर्व क्षेत्र की टीम ने तीसरा स्थान हासिल किया। अंडर-14 दक्षिण मध्य क्षेत्र की टीम ने पहला और पश्चिम उत्तर प्रदेश क्षेत्र की टीम ने दूसरा स्थान हासिल किया।
अखिल भारतीय खेल पर्यवेक्षक दुर्ग सिंह राजपुरोहित ने खेलों की आवश्यकता और विद्यार्थी जीवन में अनुशासन पर प्रकाश डाला। वहीं उत्तर क्षेत्र महामंत्री दिलाराम सिंह चौहान ने खिलाड़ियों को खेल के इतिहास, बड़े खिलाड़ियों से प्रेरणा लेने और नशे से दूर रहने की सीख दी। विशिष्ट अतिथि विद्यालय के पूर्व छात्र पूर्व राज्य मंत्री सुभाष सुधा ने विद्यालय के संस्कारों को अपनी सफलता का आधार बताया। आयकर विभाग के डिप्टी कमिश्नर रविंद्र सागर शर्मा ने विजेताओं को प्रोत्साहित किया।
अतिथियों ने खिलाड़ियों से कहा कि जीत केवल ट्रॉफी तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि निरंतर प्रयास कर जीवन में ऊंचाइयां छूने का लक्ष्य होना चाहिए। हारने वाले खिलाड़ी असफलताओं से सीख लेकर और मजबूत वापसी कर सकते हैं। समापन पर विद्या भारती के अखिल भारतीय संस्कृति बोध परियोजना प्रबंधक सुधीर कुमार, शिक्षाविद विरेन्द्र वालिया, संगठन मंत्री विजय नड्डा, संरक्षक सुरेंद्र अत्रि, खेल प्रमुख मलखान सिंह, हिंदू शिक्षा समिति अध्यक्ष डॉ. ऋषिराज वशिष्ठ सहित अन्य पदाधिकारी व खिलाड़ी मौजूद रहे।