नगरपालिका में पार्षदों का शपथ ग्रहण समारोह सोमवार को फिर स्थगित हो गया जिसको लेकर पार्षदों में भारी रोष पनप रहा है। उन्होंने कहा कि वे इस बारे जल्द ही मुख्यमंत्री सहित अन्य अधिकारियों को मिलेंगे और उन्हें बिना सूचित किए शपथ ग्रहण समारोह रद्द करने के मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग करेंगे।
सोमवार को प्रशासन ने पार्षदों की शपथ दिलवाने के लिए नगरपालिका में पुख्ता प्रंबध किए थे, जिसके लिए पिछले दिनों प्रशासन ने लिखित में सभी पार्षदों को सूचित किया था। सोमवार को जब पार्षद नगरपालिका कार्यालय में पहुंचे तो मौके पर मौजूद नगर पालिका सचिव निर्मल प्रकाश ने बताया कि रिटर्निंग ऑफिसर उपमंडल अधिकारी किसी कारणवश छुट्टी पर चले गए हैं जिसके कारण शपथ ग्रहण समारोह को रद्द कर दिया है। इसे सुनकर सभी पार्षदों ने रोषपूर्वक कहा कि शपथ ग्रहण समारोह को रद्द करना एक सोची-समझी साजिश है।
2 महीने के लगभग पार्षदों के चुनाव हो चुके हैं लेकिन अभी तक न तो पार्षदों को शपथ दिलाई गई है और न ही प्रधान का चुनाव हुआ है। पार्षदों ने एकजुट होकर कहा कि इस देरी के चलते शहरवासियों को भारी परेशानी उठानी पड़ रही है तथा विकास कार्य भी नहीं हो पा रहे हैं।
शपथ ग्रहण समारोह रद्द करने के बारे में जानने पर नगर पालिका सचिव निर्मल प्रकाश ने बताया कि उन्होंने शपथ ग्रहण समारोह से संबंधित सभी तरह के प्रबंध किए हुए थे। सुबह उन्हें सूचना मिली की आरओ किसी कारणवश सोमवार को छुट्टी पर चले गए हैं जिस कारण यह समारोह रद्द कर दिया गया है। आगामी शपथ ग्रहण समारोह के लिए सभी पार्षदों को सूचित कर दिया जाएगा।
ये पार्षद पहुंचे नगरपालिका
सोमवार को शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने के लिए रामधारी शर्मा, मनमोहन चक्रपाणी, योगेश लक्की, प्रवीण कुमार, दीपक अत्री सहित अनेक पार्षद मौजूद रहे।