कुरुक्षेत्र। जिले में कुछ समय पहले तक संचालित मेटा-एफ प्राइवेट कंपनी के मालिकों पर निवेशकों से ऊंचे ब्याज का लालच देकर करोड़ों रुपये की ठगी करने का एक और नया मामला दर्ज करवाया है। आरोप है कि कंपनी के संचालक रामशरण भारद्वाज और गौरव राणा ने दिल्ली के एक प्रॉपर्टी डीलर से 27 लाख रुपये हड़पने के साथ-साथ उसके माध्यम से रिश्तेदारों व दोस्तों से करीब तीन करोड़ रुपये निवेश करवाया है। पीड़ितों का दावा है कि कंपनी ने फिक्स्ड डिपॉजिट पर हर महीने चार से पांच प्रतिशत ब्याज का आश्वासन दिया था। कुछ महीनों बाद भुगतान बंद हो गया और दफ्तरों पर ताले लगे मिले।
दिल्ली के विजय विहार निवासी प्रॉपर्टी डीलर सुशील गोयल ने शिकायत में बताया कि वर्ष 2023 में उनके साढ़ू ने उन्हें कंपनी मालिक रामशरण भारद्वाज और गौरव राणा से मिलवाया। दोनों ने कंपनी के प्रॉपर्टी निवेश, शेयर मार्केट, ब्रोकरेज, क्रिप्टो ट्रेडिंग, कंस्ट्रक्शन और माइनिंग जैसे कारोबार का जिक्र करते हुए 48 महीनों की फिक्स्ड डिपॉजिट स्कीम में निवेश का प्रस्ताव दिया। उन्होंने हर महीने चार से पांच प्रतिशत ब्याज और मूल राशि समय पर वापस करने का भरोसा दिलाया। सुशील के साढ़ू ने भी कंपनी में निवेश किया हुआ था।
विश्वास में आए सुशील गोयल ने अपनी पत्नी से पांच लाख, मां से 10 लाख, खुद से 10 लाख और बेटी छवि से दो लाख रुपये लेकर कुल 27 लाख रुपये नकद व बैंक ट्रांसफर के जरिए कंपनी को सौंप दिए। शुरुआती महीनों में ब्याज का भुगतान हुआ, लेकिन जून 2024 के बाद आरोपी बहाने बनाने लगे व मूल राशि मांगने पर टालमटोल करने लगे और फोन भी बंद कर लिया। सुशील अपने साढ़ू के साथ कुरुक्षेत्र, चीका और करनाल स्थित कंपनी कार्यालयों पर पहुंचे, लेकिन सभी जगह ताले लटके मिले।
पीड़ित ने आरोप लगाया कि कंपनी मालिकों ने उनके माध्यम से रिश्तेदारों व दोस्तों अजय जैन, नीता जैन, राजेश जैन, विजय जैन, संतोष गोयल, आंसू बंसल, कमल बंसल, अंकित सहित अन्य से कैथल के कलायत में प्रॉपर्टी की गारंटी दिखाकर करीब तीन करोड़ रुपये निवेश करवाए। कंपनी कार्यक्रमों में विभिन्न प्रोजेक्ट्स की जानकारी देकर निवेशकों को लुभाती थी। बाद में कंपनी दस्तावेजों की जांच से सब फर्जी निकले। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी सहित विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस सूत्रों के अनुसार कंपनी पर सैकड़ों निवेशकों से करोड़ों की ठगी के आरोप हैं और कई अन्य शिकायतें भी पहले भी सामने आ चुकी हैं।