कुरुक्षेत्र। मां भद्रकाली की पूजा-अर्चना करते पीठाध्यक्ष प. सतपाल, एसपी नीतिश अग्रवाल परिवार सह
कुरुक्षेत्र। मां भद्रकाली शक्तिपीठ में नवरात्र महापर्व के दूसरे दिन भी श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। इस अवसर पर मां भद्रकाली जी की ब्रह्मचारिणी स्वरूप में विधिवत पूजा-अर्चना की गई। पीठाध्यक्ष पंडित सतपाल शर्मा ने बताया कि ब्रह्मचारिणी में ब्रह्म का अर्थ है तपस्या और चारिणी का अर्थ है आचरण, यानी देवी ब्रह्मचारिणी तप के आचरण की प्रतीक हैं। दूसरे दिन प्रातः छह बजे मंगला आरती मुख्य पुजारिन शिमला देवी की ओर से की गई। इस दौरान मां को गुड़हल के फूल चढ़ाए गए और दूध से बनी मिठाई अर्पित की गई।
मुख्य अतिथि डॉ. सविता रानी रहीं। सुबह 10 बजे नवरात्रि व्रत भंडारा डॉ. एमके कौशिक की ओर से और दोपहर 12 बजे महेश वर्मा की ओर से आयोजित किया गया। मुनीश सिंगला ने नवरात्र अन्नपूर्णा भंडारे का आयोजन किया। भंडारे में मां के जयकारों और मंत्रोच्चार के बीच भक्तों ने कड़ी, चावल, पूरी, आलू, कद्दू, सफेद चने और हलवे का प्रसाद ग्रहण किया। व्रतधारियों के लिए सामक की खीर, कुट्टू के आटे के पकोड़े, आलू भाजी, दही और फल वितरित किए गए। हजारों की संख्या में भक्तों ने प्रसाद ग्रहण कर आशीर्वाद पाया।
मंदिर प्रबंधन ने बताया कि नवरात्रि अन्नपूर्णा भंडारा 7 अक्तूबर तक और व्रत भंडारे 29 सितंबर (सोमवार) तक निरंतर आयोजित होते रहेंगे। इस मौके पर उपाध्यक्ष डॉ. एमके मौदगिल, निकुंज शर्मा, हेमराज शर्मा, शकुंतला देवी, राजकुमार, रामपाल लाठर, प्रीतम ग्रोवर और आशीष दीक्षित सहित अन्य सेवक मौजूद रहे।
कुरुक्षेत्र। मां भद्रकाली की पूजा-अर्चना करते पीठाध्यक्ष प. सतपाल, एसपी नीतिश अग्रवाल परिवार सह