कुरुक्षेत्र। दलित व शोषित वर्ग लोटा जल हाथ में लेकर पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल के समक्ष भाजपा की हैट्रिक लगाने का संकल्प लेगा। इसके साथ ही पूर्व मुख्यमंत्री द्वारा साढ़े नौ साल के कार्यकाल के दौरान दलित हितैषी फैसलों पर आभार जताएगा। पिपली स्थित गुरु रविदास मैमोरियल स्थल पर 26 अगस्त को आयोजित होने वाले राज्य स्तरीय दलित सम्मान स्वाभिमान समारोह में दलित वर्ग एकजुटता की हुंकार भरेगा। यह दावा कार्यक्रम के संयोजक और भाजपा नेता सुदेश कटारिया ने पत्रकारों से बातचीत में किया।
उन्होंने बताया कि राज्य स्तरीय दलित सम्मान समारोह में पूर्व मुख्यमंत्री एवं केंद्रीय ऊर्जा, आवासन एवं शहरी विकास मंत्री मनोहर लाल मुख्यातिथि होंगे जबकि केंद्रीय कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल और भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री व राज्य सभा सांसद दुष्यंत गौतम विशिष्ट अतिथि होंगे। कार्यक्रम को ऐतिहासिक बनाने के लिए देशभर से दलित, शोषित, वंचित और पिछड़ा वर्ग के बुजुर्ग, महिलाएं व युवा शामिल होंगे।
कटारिया ने कहा कि वर्ष 1966 में हरियाणा गठन से लेकर 2014 तक जितनी भी सरकारें आई, सभी ने दलितों, वंचितों और पिछड़ा वर्ग का शोषण किया। इस वर्ग को हमेशा वोट बैंक के तौर पर इस्तेमाल किया जाता था। हर सरकार के कार्यकाल के दौरान उन्हें अत्याचार और दबंगई सहनी पड़ी। मगर जब 2014 में भाजपा ने सत्ता संभाली और मनोहर लाल मुख्यमंत्री बने तो उन्होंने चले आ रहे पुराने ढर्रे को न केवल बदला बल्कि दलितों को सम्मान दिया और उनके आगे बढ़ाया।
उन्होंने कहा कि मनोहर लाल ने दलित समाज की सबसे बड़ी मांग एससी आयोग, सफाई आयोग और पदोन्नति में आरक्षण को पूरा किया। इसके साथ ही ठेकेदारी प्रथा को बंद कर हरियाणा कौशल रोजगार निगम की शुरुआत की, जिससे दलित समाज के युवाओं को सबसे बड़ा फायदा हुआ। इसके साथ ही मिशन मेरिट पर नौकरी देने की नई रिवायत शुरू की, जिससे दलितों को रोजगार मिलना आसान हुआ। इस अवसर पर मलकीत ढांडा, सुनील मिर्जापुर, शैलेंद्र लाडी, झिंझरपुर सरपंच गुरदास, जोगनाखेड़ा सरपंच संजीव कुमार, रामकिशन ज्योतिसर, खेड़ीरामनगर के पूर्व सरपंच सुशील कुमार, दर्शन मिर्जापुर, रघुवीर मिर्जापुर व प्रशांत अमीन प्रमुख रूप से मौजूद रहे।