सिविल सर्जन की चेतावनी और कारण बताओ नोटिस के बाद भी लोकनायक जयप्रकाश अस्पताल के डाक्टर ड्यूटी में कोताही बरतने से बाज नहीं आ रहे हैं।
चिकित्सकों की ड्यूटी के प्रति लापरवाही का एक और प्रमाण वीरवार को सिविल सर्जन डॉ. जेएस ग्रेवाल के निरीक्षण के दौरान देखने को मिला। सिविल सर्जन डॉ. ग्रेवाल निरीक्षण कर रहे थे।
इसी दौरान उन्होंने अस्पताल में नहीं दिखाई दे रहे पांच डाक्टरों के बारे में पूछा तो पता चला कि येे चिकित्सक ड्यूटी पर आए ही नहीं है। इतना सुनते ही सीएमओ बिफर पड़े और चिकित्सकों को अनुपस्थित कर दिया।
जब ये डाक्टर मौके पर पहुंचे, तो उन्हें निर्देश मिला कि वे ड्यूटी तो करेंगे, लेकिन उनकी 20 मार्च की तिथि में अनुपस्थिति ही रहेगी। सिविल सर्जन के तेवर देखते ही अस्पताल स्टाफ में हड़कंप मच गया और सभी ड्यूटी पर तत्पर नजर आए।
सिविल सर्जन डॉ. जेएस ग्रेवाल ने कहा कि पांच डाक्टर ड्यूटी पर देरी से आए हैं। उन्हें पांच डाक्टर ड्यूटी पर नहीं मिले। जब पता किया तो मालूम हुआ कि ये चिकित्सक अभी तक ड्यूटी पर आए ही नहीं है।
उन्होंने डाक्टरों की अनुपस्थिति लगाने के लिए कहा। इन डॉक्टरों के नाम पूछने पर सीएमओ डा. ग्रेवाल बोले कि इस बारे में मेडिकल सुपरिंटेंडेंट डॉ. मुकेश से बात करें।
सिविल अस्पताल के मेडिकल सुपरिटेंडेंट डॉ. मुकेश से जब देरी से आने वाले डाक्टरों के बारे में पूछा गया तो अनुपस्थिति के बारे में पुष्टि करते नाम बताने से इंकार कर दिया।
किसी को नहीं परवाह
सिविल अस्पताल में सिविल सर्जन का पदभार संभालते ही डॉ. जेएस ग्रेवाल ने डाक्टरों सहित पूरे अस्पताल स्टाफ को चेताया था कि ड्यूटी में कोताही बर्दाश्त नहीं होगी।
मरीजों के साथ सही व्यवहार करने और समय पर ड्यूटी देने के लिए निर्देश भी दिए थे, लेकिन बावजूद इसके एलएनजेपी का स्टाफ नहीं सुधरेंगे के ढर्रे पर आमादा है।