जाट आरक्षण सहित अपनी अन्य मांगों को लेकर जाट समुदाय की ओर से लाडवा क्षेत्र के गांव जैनपुर जाटान में प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा लगातार मिन्नतें किए जाने के बावजूद रविवार को धरना शुरू कर दिया गया। धरने के पहले दिन शुरुआत में जाट समुदाय की हाजिरी कुछ कम थी, लेकिन दिन चढ़ने के साथ-साथ बड़ी संख्या में लोग धरनास्थल पर पहुंचे। हालांकि धरना दिन भर शांतिपूर्ण रहा, लेकिन धरना दे रहे लोगों ने सरकार के खिलाफ तो समाज के पक्ष में जमकर नारेबाजी की।
उधर, भारी पुलिस बल भी धरना स्थल व आस-पास के क्षेत्र में तैनात रहा। वहीं प्रशासन ने धरने के दौरान किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए पूरे प्रबंध कर रखे थे। धरनास्थल के साथ सड़क पर दोनों तरफ गांव बडाचपुर व गांव जैनपुर के बाहर बैरिकेड लगाकर पुलिस तैनात कर दी गई। प्रशासन की ओर से डीएसपी जगदीश राय, थाना प्रभारी निर्मल कुमार व लाडवा के खंड विकास व पंचायत अधिकारी कंवरभान नरवाल धरनास्थल पर गए और जाट समुदाय के लोगों को धरना न देने के लिए मनाने का प्रयास किया लेकिन जाट समाज के न मानने पर दोनों अधिकारियों ने उन्हें शांतिपूर्ण ढंग से धरना देने के निर्देश दिए।
रविवार सुबह विभिन्न गांवों के जाट समुदाय के लोग लाडवा-रायपुर भादसों मार्ग पर गांव जैनपुर के बाहर इकट्ठा हुए। जाट समुदाय के लोगों ने जाट समाज जिंदाबाद व जाटों को आरक्षण देने के नारे लगाते हुए वटवृक्ष के नीचे धरना शुरू कर दिया। धरने की अगुवाई जाट आरक्षण संघर्ष समिति के जिलाध्यक्ष बलदेव राठी ने की। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार बार-बार जाटों को आरक्षण देने व जाट समुदाय से किए गए वादों से पीछे हट रही है। सरकार की वादाखिलाफी से जाट समुदाय बुरी तरह आहत है और उन्हें अपनी मांगों को लेकर मजबूरी में धरना देना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने एक भी बात को पूरा न कर जाट बिरादरी के साथ धोखा किया है। उन्होंने कहा कि देश में किसी भी व्यक्ति को अपनी बात कहने का मौलिक अधिकार है और लोग अपनी मांग के लिए लोकतांत्रिक ढंग से धरना प्रदर्शन करने का अधिकार है।
बलदेव राठी ने कहा कि सरकार ने जाट समुदाय के लोगों को धरने से रोकने के लिए प्रशासन व पुलिस के माध्यम से दहशत फैलाने का काम किया है ताकि ज्यादा संख्या में लोग धरने में शामिल न हो सकें। पहले दिन धरने में लोगों की संख्या हालांकि कुछ कम रही लेकिन जाट नेताओं को उम्मीद है कि आने वाले दिनों में जिलाभर से भारी संख्या में जाट समाज के लोग धरने में शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि धरना हर रोज सुबह 10 बजे से सांय 5 बजे तक शांतिपूर्ण जारी रहेगा।
पहले दिन ये रहे धरने पर
पहले दिन धरने पर जाट आरक्षण संघर्ष समिति के जिलाध्यक्ष बलदेव राठी, प्रदेश सचिव आशीष फौजदार, प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य साहब सिंह, प्रीतपाल धनौरा पूर्व सरपंच, मंजीत चौधरी, मिहा सिंह, कुलदीप कुश, शिवराम नांदल, बलजीत सिंह जैनपुर, रणबीर सिंह, प्रेम सिंह बपदी, सुबा सिंह त्यौडा, जगमाल सिंह, लवली बपदी, फतेह सिंह, जस्सी बरोट, मेहर सिंह, मनोज कुमार, कुलदीप, ईश्वर सिंह व अमरनाथ सहित बडी संख्या में जाट समाज के लोग उपस्थित थे।
धरने पर रागिनियों के सुर व हुक्के की गुड़गुड़ाहट
धरने में शामिल लोगों के लिए संघर्ष समिति ने पूरे प्रबंध कर रखे हैं। लोगों के मनोरंजन के लिए रागिनी गायकों को बुलाया गया है जो हरियाणवी लोक संगीत के प्रसिद्ध किस्सों को रागिनियों के माध्यम से प्रस्तुत कर रहे हैं। वहीं धरने पर बैठे बुजुर्गों के लिए हुक्कों का प्रबंध किया गया है। धरना दे रहे लोगों के लिए चाय व भोजन का प्रबंध संघर्ष समिति व आसपास के गांववासी कर रहे हैं।
डीएसपी के नेतृत्व में पुलिस की पूरी कंपनी तैनात
गांव जैनपुर में शुरू हुए धरने को देखते हुए पुलिस पूरी तरह मुस्तैद है और डीएसपी जगदीश राय हालात पर नजर रख रहे हैं। धरने के मद्देनजर जिला प्रशासन ने पुलिस की एक पूरी कंपनी को लाडवा में तैनात किया गया है। पुलिस की कंपनी की अगुवाई डीएसपी जगदीश राय व निरीक्षक नैब सिंह कर रहे हैं। धरना स्थल के दोनों तरफ सडक पर दो बैरिकेड लगाकर 20 से अधिक पुलिसकर्मी तैनात किए गए हैं जबकि पुलिस की कंपनी को लाडवा पुलिस थाने में रिजर्व रखा गया है।
दंगा विरोधी उपकरणों के साथ पुलिस बल की कंपनियां तैनात
कुरुक्षेत्र। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिये रविवार को पुलिस पूरी तरह से अलर्ट रही। जिला पुलिस लाईन, शहर भर के नाकों पीसीआर या राइडर हर जगह पुलिस और गृह रक्षी विभाग के जवान दंगा विरोधी उपकरणों और हथियारों के साथ पूरी मुस्तैदी से तैयार रहे। जिला पुलिस के सभी वरिष्ठ अधिकारी, गुप्तचर विभाग और अन्य खुफिया एजेंसियों ने भी दिन-भर हालात पर नजर बनाये रखी। स्वयं पुलिस अधीक्षक अभिषेक गर्ग जिला भर की पल-पल की जानकारी लेते रहे। पुलिस अधीक्षक ने स्वयं धरना स्थल जैनपुर के अलावा जिला भर में की गई नाकाबंदी और पुलिस प्रबंधों का जायजा लिया और अधिकारियों को जरुरी दिशा-निर्देश जारी किये।
यहां भी तैनात रही पुलिस की पेट्रोलिंग टीमें
पुलिस विभाग की 8 पेट्रोलिंग पार्टियां पीसीआर सहित पिपली, अर्जुन चौक, देवी लाल चौक, थर्ड गेट, ढांड पेहवा रोड, एनएच 65, इंद्री चौक, रादौर रोड़, इंद्री रोड, लाडवा, एनएच1, झिरबड़ी, धंतौड़ी, मोहड़ी, स्टेट हाईवे साहा रोड पर पर तैनात हैं जो पल-पल के हालात पर नजर बनाये हुये हैं। इसके अतिरिक्त जिला में एक दर्जन से भी अधिक स्थानों पर पुलिस द्वारा नाकाबंदी भी की गई है।
इन जगहों पर पुलिस की टिकी मुख्य रुप से निगाहें
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि पुलिस विभाग द्वारा हरियाणा रोडवेज, पुलिस थानों व चौकियों, सरकारी कार्यालयों, महत्वपूर्ण सरकारी भवनों व स्थानों, झांसा हेड, ज्योतिसर हेड व जलबेडा हेड, पैट्रोल पंपों, एटीएम, गन हाउस, माल इत्यादि की सुरक्षा के लिये पुख्ता तैयारियां कर रखी हैं। किसी भी सूरत में नुकसान नहीं पहुंचाने दिया जाएगा।
रिजर्व पर रखी पुलिस की चार कंपनी : एसपी
पुलिस अधीक्षक अभिषेक गर्ग बताया कि जिला कुरुक्षेत्र में जाट आरक्षण आंदोलन के आह्वान पर किसी भी हालात से निपटने के लिये पुलिस बल को पूरी तरह से हाई अलर्ट पर रखा गया है। पुलिस विभाग की चार कंपनियों को दंगा विरोधी उपकरणों और जरूरी हथियारों के साथ उप पुलिस अधीक्षक मुख्यालय कृष्ण कुमार, उप पुलिस अधीक्षक पेहवा शीतल सिंह और उप पुलिस अधीक्षक शाहाबाद जगदीश राय के नेतृत्व में अलर्ट पर रखा गया है। जो कुछ ही समय में जिला भर में किसी भी प्रभावित क्षेत्र तक पहुंचने में सक्षम हैं। उन्होंने बताया कि पुलिस कंट्रोल रूम भी हमेशा की तरह पूरी तरह से अलर्ट है। कोई भी संवेदनशील जानकारी कंट्रोल रूम में प्राप्त होते ही तुरंत सक्षम अधिकारियों को प्रेषित कर दी जाएगी और उसके आधार पर तत्परता से कार्रवाई की जाएगी। पुलिस अधीक्षक ने आम जनता का आह्वान करते हुए कहा कि आम जनता शांति और धैर्य का परिचय दे और आपसी भाईचारा बनाए रखे।