जिनकी गहनता से जांच की जा रही है और दोषी पाए जाने वाले कर्मियों को बख्शा नहीं जाएगा। करनाल रेंज के आईजी हनीफ कुरैशी ने पुलिस लाइन में पत्रकारों से बातचीत में यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि उपद्रव की जांच एसआईटी कर रही है और दोषी पाए जाने वाले लोग जल्द ही सलाखों के पीछे होंगे। पुलिस व गुप्तचर विभाग की ओर से कुछ खामियां रही है, जिसके चलते यह आंदोलन समय रहते काबू नहीं किया जा सका। पहले यह आंदोलन रास्ते जाम करने तक था, जिनकी सूचनाएं पुलिस तक राहगीरों व दूसरे लोगों से आ रही थी, लेकिन इतना बवाल होगा, यह विचार नहीं किया जा सका था। उपद्रव से प्रदेश में सामाजिक भाईचारा खराब हुआ है और यह अच्छी बात है कि अनेक बिरादरियों के लोग भाईचारा फिर कायम करने के लिए आगे आए हैं।
करनाल रेंज में दर्ज हुए 64 मामलेआईजी ने बताया कि करनाल रेंज में आंदोलन व उपद्रव को लेकर 64 मामले दर्ज किए गए हैं और अभी तक सात ही आरोपी गिरफ्तार किए गए हैं। अन्य को काबू करने के लिए पुलिस प्रयासरत है। कुरुक्षेत्र में 10 एफआईआर दर्ज की गई हैं जबकि यहां कोई भी गिरफ्तार नहीं किया जा सका।
उपद्रवियों को बेनकाब करें जनताउन्होंने जनता का आह्वान किया कि उपद्रवियों को बेनकाब करने के लिए आगे आना होगा। लोग वीडियो क्लिप व दूसरे पुख्ता सुबूत पुलिस तक पहुंचाएं, जिनके आधार पर आरोपियों को पुलिस सलाखों के पीछे पहुंचाने का कार्य करेगी।