पहले किया नशा अब टूटी के नीचे बैठ ठीक होने की कर है कोशिश
हरियाणा पुलिस की भर्ती पर अब नशे का असर दिखने लगा है। नौ दिनों से चल रही भर्ती प्रक्रिया में ऐसे 54 अभ्यर्थी अस्पताल की दहलीज पर पहुंच चुके है जिन्होंने नशे जैसे किसी पदार्थ का सेवन किया हुआ था, जिनमें से से दो की मौत हो चुकी है।
पिपली थाना प्रभारी दिलीप कुमार की माने तो एक अभ्यार्थी सोमवीर जो भिवानी जिला दुरानी कला गांव का है जो कि दौड़ के दौरान चक्कर खाकर गिर गया और कोई अजीब हरकतें करने लगा। डॉक्टरों की टीम ने उसे तुरंत प्राथमिक उपचार के बाद पीजीआई चंडीगढ़ रेफर कर दिया, लेकिन उसकी रास्ते में मौत हो गई। वहीं एक अभ्यार्थी जो की शाम के समय दौड़ते में गिर गया था उसे भी डॉक्टरों ने एलएनजेपी अस्पताल भेज दिया। इलाज के दौरान उसने भी आज दम तोड़ दिया। इसके अलावा भिवानी वासी लक्ष्मी नारायण और गुड़गांव वासी संदीप की हालत इतनी खराब है कि डॉक्टरों ने उन्हें ठंडे पानी के नीचे बैठने के बारे में सलाह दी है।
पुलिस की भर्ती में जिस प्रकार से काफी अभ्यार्थी नशे का इस्तेमाल कर रहे है उन्हें रोकने के लिए या उनपर कार्रवाई करने के लिए एसएसएससी विभाग ने अभी तक कोई कदम नहीं उठाया है। अमर उजाला ने बीते दिनों भी भर्ती में नशे का असर दिखाया था और वहां पर पड़ी दवाईयों की फोटो सहित खबर प्रकाशित की थी, लेकिन विभाग ने अभी तक कोई कदम नहीं उठाया जिसके कारण आज दो अभ्यार्थियों की मौत हो गई है।
अस्पताल में आए अभ्यार्थियों के पास से आ रही है अजीब दुर्गंध
डॉक्टर मुकेश कुमार ने बताया कि जो भी अभ्यार्थी इस हालत में आ रहा है उसके आस पास के अजीब दुर्गंध आ रही है जैसे उन्होंने कई प्रकार का नश किया हो। दुर्गंध पूरे अस्पताल में फैली हुई है।
जांच के बाद पता चलेगा मौत का असली कारण
डीसी आरएन कौशिक ने भी माना की दोनो अभ्यर्थियों की मौत नशे के कारण भी हो सकती है। उन्होंने बताया कि ओवर डोज नशे के कारण व्यक्ति की हालत काफी नाजुक हो जाती है। अभी जो हालात पैदा हुए है उनकी जांच के बाद ही असली पता चल सकेगा कि दोनो की मौत नशे के कारण हुई या और कोई कारण थे।
एक के घर दी सूचना तो दूसरे की कि जा रही है पहचान
पिपली थाना प्रभारी ने बताया कि एक अभ्यार्थी की पहचान हो चुकी है जिसके घर सूचना दे दी गई है, लेकिन अभी तक दूसरे अभ्यार्थी की पहचान नहीं हुई है जिसकी पहचान के लिए प्रयास किए जा रहे है।