कुरुक्षेत्र। सरकारी स्कूलों में कार्यरत अतिथि अध्यापकों के नियमितीकरण की मांग को लेकर लघु सचिवालय पर चल रहा अनिश्चितकालीन पड़ाव सोमवार को 20वें दिन भी जारी रहा। इस दौरान रेवाड़ी जिले के अतिथि अध्यापकों ने 24 घंटे के लिए पड़ाव संभालते हुए सरकार से हाईकोर्ट के आदेश लागू कर नियमितीकरण प्रक्रिया शुरू करने की मांग की।
पड़ाव की अध्यक्षता महेश तेवतिया ने की। अतिथि अध्यापकों ने कहा कि 16 अप्रैल को सर्वोच्च न्यायालय ने वर्ष 2014 की नियमितीकरण नीतियों को वैध माना था। इसके बाद पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट ने 29 अप्रैल और 27 मई को अतिथि अध्यापकों के नियमितीकरण के पक्ष में आदेश दिए हैं। संगठन के नेताओं नरेश यादव और महेश तेवतिया ने कहा कि प्रदेश के सरकारी स्कूलों में कार्यरत अतिथि अध्यापक वर्ष 2014 की नियमितीकरण नीति की सभी शर्तें पूरी करते हैं। इसलिए सरकार को अदालत के आदेशों के अनुरूप नियमितीकरण की प्रक्रिया शुरू कर जून 2014 से मिलने वाले लाभ भी प्रदान करने चाहिए। उन्होंने कहा कि वर्ष 2014 में सरकार ने ग्रुप बी, सी और डी के कर्मचारियों के नियमितीकरण के लिए नीति बनाई थी, लेकिन बाद में परिस्थितियों के चलते अतिथि अध्यापकों का मामला लंबित रह गया। अब अदालतों के फैसलों के बाद सरकार को नियमितीकरण लागू करना चाहिए