फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Kurukshetra: दुल्हन की तरह सजने लगा पवित्र ब्रह्मसरोवर, अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती महोत्सव में तीन दिन शेष

Mon, 04 Dec 2023 03:18 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कुरुक्षेत्र (हरियाणा)

सार

अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती महोत्सव को लेकर केडीबी के कर्मचारियों से लेकर निजी ठेकेदारों के कर्मचारी दिन रात तैयारियों में जुटे हुए हैं। साथ ही ब्रह्मसरोवर की सुंदरता को चार चांद लगाने के लिए सफेदी करने वाले कारीगर भी ब्रह्मसरोवर की दीवारों पर पेंट करने में व्यस्त हैं।
विज्ञापन
पवित्र ब्रह्मसरोवर परिसर में सदरियों को चाइनीज लड़ियों से सजाते बिजली श्रमिक - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती महोत्सव में तीन दिन शेष हैं, ऐसे में कुरुक्षेत्र विकास बोर्ड द्वारा तैयारियां तेज कर दी गई हैं। महोत्सव से पहले पवित्र ब्रह्मसरोवर को दुल्हन की तरह सजाया जा रहा है। कहीं लाइटें लगाई जा रही हैं तो कहीं सफाई अभियान चलाकर ब्रह्मसरोवर परिसर को चमकाया जा रहा है। यहां सात दिसंबर से ही शिल्प और सरस मेला शुरू हो जाएगा। वहीं 17 से 24 दिसंबर तक अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती महोत्सव के मुख्य कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।

विज्ञापन


महोत्सव के दौरान ब्रह्मसरोवर परिसर को रोशनी से जगमग करने के लिए कई तरह की लाइटें लगाई जाएंगी। वहीं पूरे ब्रह्मसरोवर परिसर को लड़ियों से सजाया जा रहा है। इसके अलावा सरस मेले और शिल्प मेले में लगने वाले स्टॉलों को भी तैयार किया जा रहा है। इसके लिए कही टेंट तो कहीं मेज लगाए जा रहे हैं।

महोत्सव को लेकर केडीबी के कर्मचारियों से लेकर निजी ठेकेदारों के कर्मचारी दिन रात तैयारियों में जुटे हुए हैं। साथ ही ब्रह्मसरोवर की सुंदरता को चार चांद लगाने के लिए सफेदी करने वाले कारीगर भी ब्रह्मसरोवर की दीवारों पर पेंट करने में व्यस्त हैं। दूसरी ओर अंतरराष्ट्रीय गीता जयंती महोत्सव को लेकर कुरुक्षेत्र विकास बोर्ड के कार्यालय में बैठकों के दौर जारी हैं। इसके अलावा महोत्सव को लेकर ब्रह्मसरोवर के पूर्वी तट पर लगने वाले मेले में झूलों, मां वैष्णो गुफा और केदारनाथ गुफा को भी तैयार करने का काम तेजी से चल रहा है।
विज्ञापन


महोत्सव के लिए समय रहते पूरी की जा रही तैयारी : उपेंद्र
कुरुक्षेत्र विकास बोर्ड के मानद सचिव उपेंद्र सिंघल का कहना है कि महोत्सव की तैयारी समय रहते पूरी की जा रही है। सजावट से लेकर शिल्प व सरस मेले की दुकानों में भी मेज कुर्सियां लगाई जा रही हैं। ब्रह्मसरोवर तट के साथ-साथ आसपास के एरिया में भी शिल्प कला के साथ-साथ धार्मिक व व्यवसायिक गतिविधियों को लेकर प्रक्रिया पूरी की जा चुकी है। उम्मीद है कि इस बार पिछले वर्षों के मुकाबले महोत्सव में अधिक पर्यटक पहुंचेंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें