कुरुक्षेत्र। दयानंद महिला महाविद्यालय में कॅरियर गाइडेंस एवं प्लेसममेंट सेल और कंप्यूटर साइंस परिषद के सहयोग से कॅरियर गाइडेंस एवं प्लेसममेंट विषय पर कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस अवसर पर महर्षि मारकंडेश्वर विश्वविद्यालय के मार्केटिंग मैनेजर अश्वनी गोयल और विपुल अरोड़ा ने मुख्य वक्ता के रूप में शिरकत की। उन्होंने विद्यार्थियों को कॅरिअर की संभावनाओं के बारे में जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि सफल कॅरियर के लिए आत्म विश्लेषण, मानसिक स्पष्टता और रचनात्मक सोच बहुत जरूरी है। आत्म-जागरूकता से व्यक्ति अपने रुचि के क्षेत्रों, क्षमताओं और मूल्यों को पहचान सकता है। मानसिक कल्पना व्यक्ति को अपने लक्ष्यों की स्पष्ट तस्वीर बनाने और उन्हें प्राप्त करने के लिए प्रभावी रणनीतियां अपनाने में मदद करती हैं। उन्होंने छात्राओं को निरंतर आत्म-विश्लेषण करने, रचनात्मक सोच विकसित करने और आत्म-विश्वास बनाए रखने की सलाह दी।
मुख्य वक्ता विपुल अरोड़ा जी ने छात्राओं का ग्राफिक डिजाइन के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि किस तरीके से ग्राफिक डिजाइन और विज्ञापन का प्रभाव हमारे व्यापार और डिजिटल प्लेटफार्म पर पड़ता है। उन्होंने छात्राओं को ग्राफिक डिजाइन और विज्ञापन के क्षेत्र में विभिन्न करियर विकल्प जैसे फ्रीलांसिंग, कार्पोरेट जाॅब और मनोरंजन उद्योग से अवगत कराया। उन्होंने बताया कि किस प्रकार इस क्षेत्र में छात्राएं अपने कॅरियर की शुरूआत कर सकती हैं। प्राचार्या डाॅ. उपासना आहुजा ने कहा कि वर्तमान समय में सभी संस्थानों में लागू की गई राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 का ध्येय भी यही है कि छात्राएं आत्म विश्लेषण करते हुए आत्मनिर्भर बनें और अपने आंतरिक गुणों का सदुपयोग करते हुए रोजगार के क्षेत्र में सफलता हासिल करें।